×
जिस पर देशकरता है भरोसा
Advertisement

रेलवे, हाईवे और मेट्रो पर फोकस, 5 अहम प्रोजेक्ट्स को केंद्र से मिली हरी झंडी

पीएम गतिशक्ति योजना के तहत लाए गए ये पाँच प्रोजेक्ट्स ना सिर्फ भारत की कनेक्टिविटी को बेहतर बनाएंगे, बल्कि औद्योगिक, सामाजिक और आर्थिक क्षेत्रों में भी मजबूती लाएंगे.

Author
17 Oct 2025
( Updated: 11 Dec 2025
08:36 AM )
रेलवे, हाईवे और मेट्रो पर फोकस, 5 अहम प्रोजेक्ट्स को केंद्र से मिली हरी झंडी
Source: Railway
Advertisement

PM GatiShakti Yojana: भारत सरकार की महत्वाकांक्षी योजना पीएम गतिशक्ति मिशन के तहत शुक्रवार को नेटवर्क प्लानिंग ग्रुप (NPG) ने पांच बड़े इन्फ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स का मूल्यांकन किया. इनमें दो रेलवे प्रोजेक्ट्स, दो हाइवे प्रोजेक्ट्स और एक मेट्रो रेल प्रोजेक्ट शामिल हैं. इन सभी योजनाओं का मकसद देश में बेहतर कनेक्टिविटी, आर्थिक विकास और सभी विभागों को जोड़ते हुए काम करने की नीति यानी ‘संपूर्ण-सरकार दृष्टिकोण’ को बढ़ावा देना है.

कर्नाटक: होसपेट से बल्लारी तक चौगुनी रेलवे लाइन

रेलवे के दो प्रोजेक्ट्स में से एक कर्नाटक के होसपेट और बल्लारी के बीच 65 किलोमीटर लंबी रेल लाइन का चौगुनीकरण है. ये क्षेत्र खनन, स्टील, बिजली और सीमेंट इंडस्ट्री के लिए जाना जाता है. यहां से लौह अयस्क, कोयला, इस्पात और सीमेंट जैसे भारी माल की आवाजाही होती है, जिस कारण मौजूदा दोहरी रेल लाइन पूरी क्षमता पर काम कर रही है. नई चौगुनी लाइन से न सिर्फ ट्रैफिक कम होगा, बल्कि माल ढुलाई की स्पीड भी बढ़ेगी और इस औद्योगिक क्षेत्र का विकास और तेज़ होगा।

Advertisement

 महाराष्ट्र-मध्यप्रदेश: गोंदिया-जबलपुर रेलवे लाइन का दोहरीकरण

दूसरा रेलवे प्रोजेक्ट गोंदिया (महाराष्ट्र) से जबलपुर (मध्यप्रदेश) के बीच 230.5 किलोमीटर लंबी एकल रेलवे लाइन को दोहरी लाइन में बदलने से जुड़ा है. इस मार्ग पर अक्सर ट्रेनों को इंतज़ार करना पड़ता है जिससे माल गाड़ियों की गति धीमी हो जाती है और व्यापार पर असर पड़ता है. दोहरीकरण के बाद यह कॉरिडोर पूर्वी और मध्य भारत को बेहतर तरीके से जोड़ पाएगा, जिससे कृषि, खनन और उद्योगों को सीधा फायदा मिलेगा.

 राजस्थान: महवा-मंडावर हाइवे का अपग्रेडेशन

Advertisement

सड़क परियोजनाओं की बात करें तो पहला प्रोजेक्ट राजस्थान के महवा से मंडावर के बीच 50 किलोमीटर लंबे राष्ट्रीय राजमार्ग 921 के चौड़ीकरण से जुड़ा है. यह हाइवे पहले ही 4 लेन का है लेकिन तेजी से बढ़ते ट्रैफिक और व्यापारिक गतिविधियों के चलते अब इसकी क्षमता बढ़ाना जरूरी हो गया है. यह सड़क राजस्थान, दिल्ली-एनसीआर और हरियाणा को जोड़ने वाला एक अहम रूट बनेगा जिससे राज्यों के बीच ट्रांसपोर्ट और कनेक्टिविटी बेहतर होगी.

बिहार: पटना में छह लेन एलिवेटेड रोड का निर्माण

दूसरा हाइवे प्रोजेक्ट पटना महानगर क्षेत्र में अनीसाबाद से दीदारगंज तक 13.37 किलोमीटर लंबी छह-लेन एलिवेटेड रोड और सर्विस रोड बनाने का है. यह प्रोजेक्ट बिहार को पड़ोसी राज्यों से जोड़ने वाले व्यापार गलियारों के लिए बहुत फायदेमंद होगा. इसके जरिए शहर के बाजारों, औद्योगिक क्षेत्रों और लॉजिस्टिक्स हब तक लोगों की पहुंच आसान होगी और पटना का ट्रैफिक दबाव भी घटेगा.

 जयपुर: मेट्रो का विस्तार – चरण 2 की मंजूरी

Advertisement

अंतिम प्रोजेक्ट जयपुर मेट्रो के विस्तार से जुड़ा है. इसमें प्रह्लादपुरा से टोडी मोड़ तक 42.8 किलोमीटर लंबा नया उत्तर-दक्षिण मेट्रो कॉरिडोर बनेगा, जिसमें 36 स्टेशन (34 एलिवेटेड और 2 अंडरग्राउंड) होंगे। यह मेट्रो लाइन सीतापुरा औद्योगिक क्षेत्र, एसएमएस अस्पताल, अंबाबाड़ी जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों को कवर करेगी. साथ ही, यह लाइन जयपुर के मौजूदा मेट्रो नेटवर्क से भी जुड़ेगी, जिससे रेलवे स्टेशन और एयरपोर्ट तक पहुंच आसान हो जाएगी. इसके अलावा, इस प्रोजेक्ट से ट्रैफिक जाम कम होगा, ईंधन की बचत होगी और प्रदूषण पर भी लगाम लगेगी.

भारत के विकास को गति देने वाली योजनाएं

यह भी पढ़ें

पीएम गतिशक्ति योजना के तहत लाए गए ये पाँच प्रोजेक्ट्स ना सिर्फ भारत की कनेक्टिविटी को बेहतर बनाएंगे, बल्कि औद्योगिक, सामाजिक और आर्थिक क्षेत्रों में भी मजबूती लाएंगे. रेलवे, हाईवे और मेट्रो जैसे क्षेत्रों में यह योजनाएं लॉजिस्टिक्स लागत घटाने, समय की बचत और संपूर्ण विकास के लिए बेहद जरूरी हैं. एकीकृत योजना और मंत्रालयों के आपसी तालमेल से यह प्रोजेक्ट्स देश को विकास की नई रफ्तार देंगे.

Tags

Advertisement
टिप्पणियाँ 0
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Close
ADVERTISEMENT
NewsNMF
NMF App
Download
शॉर्ट्स
वेब स्टोरीज़
होम वीडियो खोजें