जिस पर देशकरता है भरोसा
Advertisement

निशिकांत दुबे के ‘नेहरू-CIA कनेक्शन’ वाले बयान से बवाल, विरोध में BJD सांसद ने संसदीय समिति से इस्तीफा दिया

BJD सांसद सस्मित पात्रा ने निशिकांत दुबे की टिप्पणी के विरोध में संसदीय समिति से इस्तीफा दिया. दुबे ने बीजू पटनायक को नेहरू और CIA के बीच कड़ी बताया था, जिस पर BJD नेताओं ने इसे ओडिशा का अपमान बताया.

निशिकांत दुबे के ‘नेहरू-CIA कनेक्शन’ वाले बयान से बवाल, विरोध में BJD सांसद ने संसदीय समिति से इस्तीफा दिया
Nishikant Dubey (File Photo)
Advertisement

देश की राजनीति में एक बार फिर बयानबाजी ने बड़ा राजनीतिक विवाद खड़ा कर दिया है. ओडिशा की सियासत इस समय गरमाई हुई है, जहां बीजू जनता दल के राज्यसभा सांसद सस्मित पात्रा ने एक बड़ा कदम उठाते हुए संसदीय समिति से इस्तीफा दे दिया है. यह इस्तीफा बीजेपी सांसद निशिकांत दुबे के उस बयान के विरोध में आया है, जिसमें उन्होंने ओडिशा के पूर्व मुख्यमंत्री बीजू पटनायक को लेकर विवादित टिप्पणी की थी.

क्या था विवादित बयान?

दरअसल, 27 मार्च को दिए गए एक बयान में निशिकांत दुबे ने दावा किया था कि 1960 के दशक में बीजू पटनायक, तत्कालीन प्रधानमंत्री जवाहरलाल नेहरू और अमेरिका की खुफिया एजेंसी सीआईए के बीच कड़ी का काम करते थे. इस बयान के सामने आते ही राजनीतिक हलकों में हलचल मच गई और ओडिशा में इसे लेकर तीखी प्रतिक्रिया देखने को मिली.

सस्मित पात्रा का इस्तीफा

इसी के विरोध में सस्मित पात्रा ने संचार एवं सूचना प्रौद्योगिकी संबंधी संसदीय स्थायी समिति से इस्तीफा दे दिया, जिसकी अध्यक्षता खुद निशिकांत दुबे कर रहे हैं. पात्रा ने अपने इस्तीफे में साफ कहा कि वह ऐसे व्यक्ति के अधीन काम नहीं कर सकते, जो एक दिवंगत नेता के बारे में इस तरह की अपमानजनक टिप्पणी करता हो. उन्होंने राज्यसभा के सभापति से अपना इस्तीफा स्वीकार करने और आगे की प्रक्रिया पूरी करने का अनुरोध भी किया है.

Advertisement

BJD नेताओं ने जताया विरोध 

इस पूरे मामले में बीजद के अन्य सांसदों और नेताओं ने भी कड़ा विरोध जताया है. पार्टी के नेताओं मानस मंगराज, सुभाशीष खुंटिया और मुजीबुल्ला खान ने दुबे के बयान को ‘ओडिशा के गौरव का अपमान’ बताया. वहीं, बीजद के वरिष्ठ उपाध्यक्ष देबी प्रसाद मिश्रा ने इसे ‘अशोभनीय और शरारतपूर्ण’ करार देते हुए बीजेपी सांसद से माफी की मांग की है. बीजू पटनायक का नाम ओडिशा की राजनीति में एक सम्मानित और प्रभावशाली नेता के तौर पर लिया जाता है. वह दो बार राज्य के मुख्यमंत्री रहे और उनके योगदान को आज भी याद किया जाता है. उनके निधन के बाद उनके बेटे नवीन पटनायक ने बीजू जनता दल की स्थापना की और लंबे समय तक राज्य की राजनीति में मजबूत पकड़ बनाए रखी.

निशिकांत दुबे के दावे ने बढ़ाया विवाद

Advertisement

वहीं, निशिकांत दुबे ने अपने बयान में यह भी कहा था कि चारबतिया हवाई अड्डा, जिसमें बीजू पटनायक की अहम भूमिका थी, कभी अमेरिकी विमानों का अड्डा रहा है और वहां कई सालों तक अमेरिकी सेना की मौजूदगी रही. हालांकि, उनके इन दावों को लेकर अब राजनीतिक विवाद और भी गहरा गया है.

यह भी पढ़ें

बताते चलें कि यह मुद्दा अब केवल एक बयान तक सीमित नहीं रहा, बल्कि राजनीतिक टकराव का बड़ा कारण बन चुका है. आने वाले दिनों में यह देखना दिलचस्प होगा कि क्या इस विवाद पर कोई सुलह होती है या यह मामला और ज्यादा तूल पकड़ता है.

Tags

Advertisement
टिप्पणियाँ 0
G
Guest (अतिथि)
LIVE
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
शॉर्ट्स
वेब स्टोरीज़
होम वीडियो खोजें