×
जिस पर देशकरता है भरोसा
Advertisement

धराली में आपदा के बीच रक्षाबंधन का भावुक पल, महिला ने साड़ी का टुकड़ा फाड़ा और धामी की कलाई पर बांध दी राखी

उत्तरकाशी के धराली में आपदा प्रभावित क्षेत्रों का निरीक्षण करने पहुंचे मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के सामने शुक्रवार को ऐसा दृश्य आया, जिसने वहां मौजूद हर व्यक्ति को भावुक कर दिया. आपदा के दौरान फंसी महिला ने अचानक दुपट्टे का किनारा फाड़ा और सीएम को राखी बांध दी.

Author
08 Aug 2025
( Updated: 11 Dec 2025
08:29 AM )
धराली में आपदा के बीच रक्षाबंधन का भावुक पल, महिला ने साड़ी का टुकड़ा फाड़ा और धामी की कलाई पर बांध दी राखी
Advertisement

अहमदाबाद के ईशनपुर की रहने वाली धनगौरी बरौलिया अपने परिवार के साथ गंगोत्री दर्शन के लिए आई थीं. पांच अगस्त को धराली में आई भीषण आपदा ने उनके जीवन की दिशा ही बदल दी. अचानक आए मलबे और तेज बहाव से मार्ग पूरी तरह बंद हो गया और वे अपने परिवार सहित फंस गईं. चारों ओर तबाही का मंजर, भय और अनिश्चितता का माहौल था, घर से सैकड़ों किलोमीटर दूर, किसी को नहीं पता था कि अब आगे क्या होगा.

साड़ी का टुकड़ा फाड़ा और बांध दी राखी 

धराली में आपदा के दौरान राज्य के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व में राहत और बचाव कार्य तेजी से शुरू हुआ. रेस्क्यू टीमों ने कठिन परिस्थितियों में भी लगातार प्रयास कर धनगौरी और उनके परिवार को सुरक्षित बाहर निकाला आपदा भय से कांपते चेहरों पर पहली बार राहत की मुस्कान आई.

शुक्रवार को जब मुख्यमंत्री धामी ग्राउंड जीरो पर आपदा प्रभावित क्षेत्रों का निरीक्षण कर रहे थे, तो धनगौरी अपनी कृतज्ञता रोक नहीं सकीं. उनकी आंखों में आंसू थे, लेकिन उन आंसुओं में डर नहीं, भरोसा था. वे आगे बढ़ीं, अपनी दुपट्टे का किनारा फाड़ा और उसका एक टुकड़ा राखी के रूप में मुख्यमंत्री की कलाई पर बांध दिया.

सीएम धामी भगवान श्रीकृष्ण जैसे - महिला 

Advertisement

राखी बांधते हुए महिला ने भावुक होकर कहा कि मेरे लिए मुख्यमंत्री धामी भगवान श्रीकृष्ण जैसे हैं, जिन्होंने न केवल मेरी, बल्कि यहां मौजूद सभी माताओं-बहनों की एक भाई की तरह रक्षा की है. वे तीन दिनों से हमारे बीच रहकर हमारी सुरक्षा और जरूरतों का ध्यान रख रहे हैं. 

यह भी पढ़ें

इसपर सीएम धामी ने कहा कि यह केवल कपड़े का टुकड़ा नहीं था, बल्कि उसमें एक बहन का विश्वास, अपनत्व और अपने रक्षक भाई के लिए अटूट स्नेह पिरोया हुआ था. मुख्यमंत्री धामी ने भी उनका हाथ थामते हुए आश्वस्त किया कि एक भाई के रूप में वे हर परिस्थिति में आपदा से प्रभावित बहनों के साथ खड़े रहेंगे और प्रदेश सरकार की ओर से हर संभव मदद दी जाएगी. धराली की कठिन परिस्थितियों में बहन-भाई के इस रिश्ते का यह मार्मिक पल वहां मौजूद हर व्यक्ति की आंखें नम कर गया. आपदा के मलबे के बीच जन्मा यह अपनत्व का दृश्य मानवता, संवेदनशीलता और भाईचारे की सबसे सुंदर मिसाल बन गया.

Tags

Advertisement
टिप्पणियाँ 0
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Close
ADVERTISEMENT
NewsNMF
NMF App
Download
शॉर्ट्स
वेब स्टोरीज़
होम वीडियो खोजें