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जम्मू-कश्मीर में BJP की जीत से सियासी भूचाल, क्रॉस वोटिंग को लेकर NC और PDP में विवाद

जम्मू-कश्मीर की चार राज्यसभा सीटों के चुनाव में एक सीट पर बीजेपी के सत शर्मा ने जीतकर राज्य में सियासी हलचल बढ़ा दी. मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने क्रॉस वोटिंग से इनकार किया, लेकिन पार्टी अध्यक्ष फारूक अब्दुल्ला ने कहा कि चुनाव से पहले NC से बीजेपी में संपर्क हुआ था. इस पर सज्जाद लोन ने एनसी पर मैच फ़िक्सिंग के आरोप लगाए हैं. फिलहाल राज्य में सियासी हलचल तेज है.

जम्मू-कश्मीर में BJP की जीत से सियासी भूचाल, क्रॉस वोटिंग को लेकर NC और PDP में विवाद
Omar Abdullah (File Photo)
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जम्मू-कश्मीर में भले ही अभी विधानसभा जैसा कोई बड़ा चुनाव ना हो लेकिन चार राज्यसभा सीटों को लेकर हुए मतदान के बाद जो नतीजे सामने आए हैं. उसने राज्य के सियासी तापमान की तपिश को काफी बढ़ा दिया है. क्योंकि राज्यसभा की इन चार सीटों में से एक पर भारतीय जनता पार्टी के प्रत्याशी सत शर्मा को जीत मिली और यह जीत उन्हें पार्टी के बाहर के चार विधायकों के समर्थन के चलते मिली है. यही वजह है कि सूबे में सियासी बवाल शुरू हो गया है. नेशनल कॉन्फ्रेंस (NC) के नेता और राज्य के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने अपनी पार्टी के विधायकों की क्रॉस वोटिंग से पूरी तरह से इनकार किया है. लेकिन पार्टी के अध्यक्ष फारूक अब्दुल्ला ने यह कहकर बहस को तेज कर दिया है कि चुनाव से पहले एनसी से बीजेपी में संपर्क साधा था. 

मुझे पता है किसने धोखा दिया: उमर अब्दुल्ला 

राज्यसभा चुनाव को लेकर उमर अब्दुल्ला ने कहा था कि उनकी कोशिश क्लीन स्वीप यानी सभी चारों सीटों को जीतने की कोशिश थी, लेकिन नतीजे उसके विपरीत रहे. उनका मानना है कि कुछ साथियों ने पीठ में छुरा घोंपा. हालाँकि 3-1 का स्कोर बुरा नहीं है. उमर अब्दुल्ला ने आगे यह भी बताया कि सबको पता है किसने धोखा दिया है. लेकिन नाम को सार्वजनिक करना उचित नहीं होगा. अंत में उन्होंने एक बार फिर यह स्पष्ट किया कि उनकी पार्टी के विधायकों ने धोखा नहीं दिया, सभी मतदान के बाद पर्ची एजेंट को दिखाई थी. 

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PDP का नहीं लिया नाम 

इस दौरान उमर अब्दुल्ला ने अपने दल और कांग्रेस समेत अन्य सहयोगियों को धन्यवाद तो दिया लेकिन सबसे दिलचस्प बात तो यह रही कि उन्होंने पीडीपी का नाम तक नहीं लिया. जिससे लोगों के मन में संदेश की स्थिति बनी हुई है. इसके उमर अब्दुल्ला पीपल्स कॉन्फ्रेंस (PC) प्रमुख सज्‍जाद लोन पर हमलावर दिखाई दिए. उन्होंने कहा लोन ने वोटिंग से दूरी बनाकर अप्रत्यक्ष तौर पर बीजेपी को मदद पहुंचाई है. और अब हमें ऐसे ज्ञान दे रहे हैं जैसे किसी विश्वविद्यालय के प्रोफेसर हों.

सज्जाद लोन ने किया पलटवार 

उमर अब्दुल्ला के आरोपों पर सज्जाद लोन ने तगड़ा पलटवार किया है. लोन ने कहा कि सारी क्रॉस-वोटिंग एनसी ने की. उन्होंने आरोप लगाया कि उमर अब्दुल्ला बीजेपी के सबसे बड़े समर्थक हैं. राज्यसभा चुनाव बीजेपी और एनसी के बीच एक तरह से फिक्स मैच था. इन लोगों ने पहले से तय था कि एनसी को तीन सीटें और बीजेपी को एक सीट दी जाएगी. बीजेपी ने इस बार अपने 28 विधायकों की संख्या से चार वोट ज्यादा पाकर जीत दर्ज की. यह अनुच्छेद 370 हटने के बाद पहला राज्यसभा चुनाव था.

फारूक अब्दुल्ला की प्रतिक्रिया 

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वही बीजेपी द्वारा एक राज्यसभा सीट जीतने  के बाद एनसी प्रमुख फारूख अब्दुल्ला ने कहा कि ऐसे नतीजे के बाद बहुत से लोग कुछ भी कह रहे हैं. लेकिन हमने बीजेपी को किसी तरह का कोई तोहफ़ा  एक सीट के रूप में नहीं दिया है. बीजेपी के लोग हमसे एक सीट की मांग किए थे जिस हमने इनकार कार दिया था. वहीं फारूख अब्दुल्ला इस बयान पर सज्जाद लोन ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि यह खुद एनसी और बीजेपी के बीच संपर्क होने की बात एक तरह से स्वीकारोक्ति है. 

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बताते चलें कि राज्यसभा चुनाव में बीजेपी की जीत ने सभी को चौंका दिया, क्योंकि यह सिर्फ संख्याबल तक सीमित नहीं रही. इस परिणाम ने विपक्षी दलों के बीच अविश्वास और आरोप-प्रत्यारोप की एक नई लहर को जन्म दिया है. अब इस नतीजे के बाद घाटी की सियासत में नए समीकरण बनने की संभावना नजर आ रही है.

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