जिस पर देशकरता है भरोसा
Advertisement

नॉन-आईटी सेक्टर की बदौलत बढ़ा रोजगार, व्हाइट-कॉलर हायरिंग में 3% उछाल

IT Sectors Jobs: जनवरी महीने में कुल भर्ती में सालाना आधार पर करीब 3 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई. यह बढ़त भले ही बहुत तेज न हो, लेकिन यह दिखाती है कि जॉब मार्केट धीरे-धीरे स्थिरता की ओर बढ़ रहा है.

नॉन-आईटी सेक्टर की बदौलत बढ़ा रोजगार, व्हाइट-कॉलर हायरिंग में 3% उछाल
Image Source: Social Media
Advertisement

IT Sectors Jobs: साल 2026 की शुरुआत भारत में व्हाइट-कॉलर यानी ऑफिस से जुड़ी नौकरियों के लिए संतुलित लेकिन सकारात्मक माहौल के साथ हुई है. जनवरी महीने में कुल भर्ती में सालाना आधार पर करीब 3 प्रतिशत की बढ़ोतरी दर्ज की गई. यह बढ़त भले ही बहुत तेज न हो, लेकिन यह दिखाती है कि जॉब मार्केट धीरे-धीरे स्थिरता की ओर बढ़ रहा है..खास बात यह रही कि इस ग्रोथ की सबसे बड़ी ताकत नॉन-आईटी सेक्टर और फ्रेशर्स की भर्ती रही, जिसने पूरे रोजगार बाजार को सहारा दिया.

नॉन-आईटी सेक्टर बना ग्रोथ का इंजन

जॉबस्पीक इंडेक्स की ताजा रिपोर्ट के अनुसार, जनवरी 2026 में नॉन-आईटी सेक्टर ने भर्ती में सबसे अहम भूमिका निभाई. खास तौर पर बीपीओ/आईटीईएस सेक्टर में सालाना आधार पर 21 प्रतिशत से ज्यादा की मजबूती देखने को मिली. इसके अलावा हॉस्पिटैलिटी और ट्रैवल सेक्टर में 15 प्रतिशत से अधिक, इंश्योरेंस सेक्टर में 7 प्रतिशत से ज्यादा और हेल्थकेयर सेक्टर में 5 प्रतिशत से अधिक की बढ़त दर्ज की गई. ये आंकड़े बताते हैं कि सर्विस-आधारित इंडस्ट्रीज में मांग लगातार बनी हुई है.

कुछ सेक्टरों में दिखी कमजोरी

Advertisement

जहां कई नॉन-आईटी सेक्टरों ने अच्छा प्रदर्शन किया, वहीं बैंकिंग और फाइनेंशियल सर्विसेज सेक्टर में गिरावट देखने को मिली. इस सेक्टर में सालाना आधार पर करीब 15 प्रतिशत की कमी दर्ज की गई. दूसरी ओर, आईटी सेक्टर कुल मिलाकर जनवरी महीने में लगभग स्थिर रहा और इसमें कोई खास बदलाव नहीं देखने को मिला.

AI और मशीन लर्निंग नौकरियों में जबरदस्त उछाल

आईटी सेक्टर भले ही कुल मिलाकर स्थिर रहा हो, लेकिन आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और मशीन लर्निंग से जुड़ी नौकरियों में जबरदस्त तेजी देखने को मिली. एआई/एमएल से जुड़े रोल्स में सालाना आधार पर 34 प्रतिशत से ज्यादा की ग्रोथ दर्ज की गई, जो यह साफ दिखाता है कि कंपनियां नई और उभरती तकनीकों पर लगातार निवेश कर रही हैं.

फ्रेशर्स के लिए बढ़े मौके

जनवरी 2026 में फ्रेशर्स के लिए जॉब मार्केट काफी उत्साहजनक रहा. खासकर बीपीओ/आईटीईएस सेक्टर में फ्रेशर्स की भर्ती में 39 प्रतिशत की तेज बढ़ोतरी देखने को मिली। वहीं, 13 से 16 साल के अनुभव वाले सीनियर प्रोफेशनल्स की भर्ती में भी 9 प्रतिशत की बढ़त दर्ज की गई. इससे साफ है कि कंपनियां एंट्री-लेवल के साथ-साथ अनुभवी टैलेंट पर भी भरोसा जता रही हैं.

Advertisement

नॉन-मेट्रो शहरों की बढ़ती भूमिका

इस ग्रोथ में नॉन-मेट्रो शहरों का योगदान बेहद अहम रहा. जयपुर में भर्ती में 66 प्रतिशत से ज्यादा की बढ़ोतरी दर्ज की गई, जबकि अहमदाबाद में यह आंकड़ा 43 प्रतिशत से अधिक रहा. यह ट्रेंड बताता है कि कंपनियां अब टैलेंट के लिए सिर्फ मेट्रो शहरों पर निर्भर नहीं हैं और छोटे व उभरते शहरों की ओर तेजी से बढ़ रही हैं.

विदेशी कंपनियों की बड़ी भागीदारी

रिपोर्ट में यह भी सामने आया है कि विदेशी मल्टीनेशनल कंपनियों यानी एमएनसी की भर्ती गतिविधियों में 80 प्रतिशत से ज्यादा की बढ़ोतरी हुई है. इस मजबूत भागीदारी ने जॉब मार्केट में तेजी बनाए रखने में बड़ी भूमिका निभाई है. नौकरी डॉट कॉम के चीफ बिजनेस ऑफिसर डॉ. पवन गोयल के मुताबिक, बीपीओ/आईटीईएस और हॉस्पिटैलिटी जैसे सेक्टरों में लगातार सालाना ग्रोथ देखना काफी सकारात्मक संकेत है.

शहरों के हिसाब से भर्ती का ट्रेंड

Advertisement

यह भी पढ़ें

भौगोलिक रूप से देखें तो भर्ती में बढ़ोतरी की अगुवाई पुणे ने की, जहां सालाना आधार पर 23 प्रतिशत से ज्यादा की ग्रोथ दर्ज हुई. इसके बाद चेन्नई में 18 प्रतिशत, बेंगलुरु में 17 प्रतिशत और अहमदाबाद में 16 प्रतिशत की बढ़ोतरी देखने को मिली. इससे साफ है कि दक्षिण भारत के बड़े टेक हब्स के साथ-साथ पश्चिम भारत के उभरते शहर भी रोजगार सृजन में अहम भूमिका निभा रहे हैं.

Tags

Advertisement
टिप्पणियाँ 0
G
Guest (अतिथि)
LIVE
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
शॉर्ट्स
वेब स्टोरीज़
होम वीडियो खोजें