Advertisement

Loading Ad...

मिडिल ईस्ट में संघर्ष भीषण… ईरानी ड्रोन ने एयरपोर्ट और स्कूल को बनाया निशाना, जवाब में दी ’बदले’ की चेतावनी

ईरान के ड्रोन हमले में अजरबैजान के नखचिवान एयरपोर्ट को नुकसान पहुंचा है. इस हमले में दो नागरिक घायल हो गए. जिसके बाद अरबैजान ने ईरानी राजदूत को तलब किया है.

Loading Ad...

Iran Attack on Azerbaijan: मिडिल ईस्ट में भीषण टकराव के बीच ईरान ने अजरबैजान पर ड्रोन से हमला कर दिया. इस हमले में हमले में अजरबैजान के नखचिवान एयरपोर्ट को काफी नुकसान पहुंचा है. बताया जा रहा है ईरान के स्कूल के पास भी ड्रोन आकर गिरा है. इस हमले में दो लोगों के घायल होने की भी खबर है. 

ईरान के हमले के बाद अजरबैजान ने ईरानी राजदूत को तलब किया है. विदेश मंत्रालय ने एक बयान में कहा, ‘एक ड्रोन ने नखचिवन स्वायत्त गणराज्य में हवाई अड्डे की टर्मिनल बिल्डिंग पर हमला किया, जबकि दूसरा ड्रोन शकराबाद गांव में एक स्कूल बिल्डिंग के पास गिरा.’

अजरबैजान ने क्या बताया? 

Loading Ad...

अजरबैजान ने ईरान के इस कदम की कड़ी आलोचना करते हुए कहा, हम इस्लामिक रिपब्लिक ऑफ ईरान के इलाके से किए गए इन ड्रोन हमलों की कड़ी निंदा करते हैं, जिससे एयरपोर्ट की बिल्डिंग को नुकसान हुआ और दो आम लोग घायल हो गए. मंत्रालय के अनुसार इस हमले से अंतर्राष्ट्रीय कानून का उल्लंघन हुआ है. अजरबैजान ने ईरान से जल्द इस मामले को स्पष्ट करने और भविष्य में ऐसी घटनाएं न होने के लिए जरूरी कदम उठाने की मांग की है. 

Loading Ad...

यह भी कहा कि अजरबैजान इस मामले में जवाबी कदम उठाने का अधिकार सुरक्षित रखता है. साथ ही ईरान के राजदूत को बुलाकर इस घटना पर कड़ा विरोध दर्ज कराया गया है. 

दरअसल, ईरानी ड्रोन ने दोनों देशों की साझी सीमा के पास एक अजरबैजानी एयरपोर्ट पर हमला किया है. यह पहली बार है जब तेहरान के खिलाफ US-इजरायल युद्ध शुरू होने के बाद से ईरान ने काकेशस के किसी राज्य को निशाना बनाया है. 

Loading Ad...

संघर्ष में क्या है अजरबैजान का रुख? 

अजरबैजान ने मिडिल ईस्ट संघर्ष में न्यूट्रल रुख अपनाया है.  इसने हाल ही में इजरायल और ट्रंप प्रशासन के साथ करीबी संबंध बनाए, जबकि धीरे-धीरे काकेशस में पारंपरिक सहयोगी रहे मास्को से दूरी बनाई. देश में कोई अमेरिकी मिलिट्री बेस नहीं है, जिससे पता चलता है कि ईरान सीधे अमेरिकी सेना से जुड़े टारगेट से आगे अपने हमलों को बढ़ा सकता है. 

यह भी पढ़ें- ईरान से जंग में आर्थिक मोर्चे पर पिटे अमेरिका-इजरायल! हर दिन 9 हजार करोड़ का खर्च, ये ईरानी हथियार निकाल रहे दिवाला

Loading Ad...

यह भी पढ़ें

इजरायल के साथ बढ़ते सैन्य सहयोग ने तेहरान के साथ टकराव पैदा किया है, हालांकि दोनों पड़ोसियों ने काफी हद तक प्रैक्टिकल संबंध बनाए रखे हैं. दोनों देशों में बहुसंख्यक शिया मुस्लिम हैं और ईरान लाखों अजेरी लोगों का घर है. अनुमान है कि यह संख्या लगभग डेढ़ से 2 करोड़ से भी ज्यादा है. जिनमें से कई अजरबैजान की सीमा से लगे उत्तर-पश्चिमी प्रांतों में रहते हैं. 

LIVE
अधिक →

Advertisement

Loading Ad...
Loading Ad...
Loading Ad...
अधिक →

Advertisement

Loading Ad...