×
जिस पर देशकरता है भरोसा
Advertisement

'उदयपुर फाइल्स' विवाद पर तिलमिलाए कांग्रेस नेता दानिश अली, मोदी सरकार पर निकाली भड़ास, बोले- फिल्मों के जरिए नफरत फैला रही है बीजेपी

'उदयपुर फाइल्स' को लेकर उठे विवाद के बीच कांग्रेस नेता और पूर्व सांसद कुंवर दानिश अली ने केंद्र सरकार और बीजेपी पर तीखा हमला बोला है. उन्होंने कहा कि बीजेपी और आरएसएस एक एजेंडे के तहत सांप्रदायिकता फैलाने के लिए फिल्मों का सहारा ले रहे हैं.

'उदयपुर फाइल्स' विवाद पर तिलमिलाए कांग्रेस नेता दानिश अली, मोदी सरकार पर निकाली भड़ास, बोले- फिल्मों के जरिए नफरत फैला रही है बीजेपी
Advertisement

राजस्थान के बहुचर्चित कन्हैया लाल हत्याकांड पर आधारित फिल्म ‘उदयपुर फाइल्स’ काफी दिनों से खबरों में बनी हुई है, हाल ही में खबरें आई थी कि दिल्ली हाईकोर्ट ने इस फिल्म पर रोक लगा दी है. इस फिल्म को 11 जुलाई को रिलीज़ किया जाना था, लेकिन अभी फिल्म की रिलीज़ का रास्ता साफ़ नहीं हुआ है. 

'उदयपुर फाइल्स' पर बौखलाए कांग्रेस नेता दानिश अली 
वहीं इस बीच फिल्म को लेकर उठे विवाद के बीच कांग्रेस नेता और पूर्व सांसद कुंवर दानिश अली ने केंद्र सरकार और भाजपा पर तीखा हमला बोला है. उन्होंने कहा कि भाजपा और आरएसएस एक एजेंडे के तहत सांप्रदायिकता फैलाने के लिए फिल्मों का सहारा ले रहे हैं. दानिश अली ने कहा कि जब कोई मामला अदालत में होता है और न्यायालय उस पर स्टे देता है तो उसे सम्मान मिलना चाहिए. 

 ‘नफरत का जहर घोला जा रहा है’
'उदयपुर फाइल्स' पर दिल्ली हाईकोर्ट के अस्थायी स्टे पर उन्होंने कहा, "हम संविधान और न्यायपालिका में विश्वास रखने वाले लोग हैं. जो लोग कोर्ट पर भरोसा नहीं करते, वे ही ऐसे मुद्दों को उछालते हैं. अदालत ने सही फैसला दिया. कश्मीर फाइल्स, केरल स्टोरी और अब उदयपुर फाइल्स जैसी फिल्में सरकार के इशारे पर बनाई जा रही हैं. जिस बॉलीवुड में कभी धर्म की बात नहीं होती थी, वहां अब नफरत का जहर घोला जा रहा है."

Advertisement

कांग्रेस नेता ने 'कश्मीर फाइल्स' का उदाहरण देते हुए कहा कि फिल्म के जरिए कश्मीरी पंडितों के दर्द को दिखाया गया, लेकिन वास्तविक मदद कोई नहीं मिली. उन्होंने कहा, "प्रधानमंत्री, मुख्यमंत्री और न फिल्म के डायरेक्टर ने उन पीड़ितों की सुध ली. फिल्म से जो कमाई हुई, उसका एक हिस्सा भी कश्मीरी पंडितों को नहीं मिला."

हाई कोर्ट ने लगाई फिल्म की रिलीज पर रोक
 फिल्म की रिलीज को लेकर दिल्ली हाई कोर्ट में गुरुवार को सुनवाई हुई थी. कोर्ट ने फिल्म की रिलीज पर अंतरिम रोक लगा दी. कोर्ट ने कहा कि जब तक केंद्र सरकार इस मामले में अंतिम फैसला नहीं लेती, तब तक फिल्म रिलीज नहीं होगी. हाई कोर्ट ने याचिकाकर्ता जमीयत उलेमा-ए-हिंद को सिनेमैटोग्राफ एक्ट की धारा-6 के तहत केंद्र सरकार के पास अपनी शिकायत दर्ज करने के लिए दो दिन का समय दिया. कोर्ट ने यह भी निर्देश दिया कि यदि ऐसी शिकायत मिलती है, तो केंद्र सरकार को एक सप्ताह में फैसला लेना होगा.

किस पर बेस्ड है फिल्म ‘उदयपुर फाइल्स’?
‘उदयपुर फाइल्स’ 28 जून 2022 को उदयपुर में दर्जी कन्हैया लाल साहू की हत्या पर आधारित है. कन्हैया लाल पर आरोप था कि उन्होंने बीजेपी की पूर्व प्रवक्ता नूपुर शर्मा के समर्थन में सोशल मीडिया पर एक पोस्ट की थी, जिसके बाद दो हमलावरों ने उनकी दुकान पर घुसकर गला रेतकर हत्या कर दी थी. इस घटना को हमलावरों ने रिकॉर्ड कर सोशल मीडिया पर वायरल भी किया था, जिससे देशभर में आक्रोश फैल गया था.

फिल्म की स्टारकास्ट 
फिल्म में विजय राज, रजनीश दुग्गल और प्रीति झांगियानी जैसे कलाकार अहम भूमिकाओं में हैं. यह फिल्म 11 जुलाई को देशभर के सिनेमाघरों में रिलीज होने वाली थी. हालांकि, जमीयत उलेमा-ए-हिंद ने याचिका दायर कर दावा किया कि फिल्म का कंटेंट सांप्रदायिक तनाव भड़का सकता है. सेंट्रल बोर्ड ऑफ फिल्म सर्टिफिकेशन (सीबीएफसी) ने फिल्म को सर्टिफिकेट देने से पहले कई कट्स लगाए थे.

Advertisement

यह भी पढ़ें

क्यों विवादों में है फिल्म ‘उदयपुर फाइल्स’?
फिल्म ‘उदयपुर फाइल्स’ वर्ष 2022 में हुए कन्हैयालाल हत्याकांड पर आधारित है. ट्रेलर में नूपुर शर्मा के बयान, ज्ञानवापी विवाद और कुछ ऐसे दृश्य दिखाए गए हैं जिन्हें लेकर आरोप लगे हैं कि वे एक विशेष समुदाय को निशाना बनाते हैं. इसी आधार पर जमीयत उलेमा-ए-हिंद ने दिल्ली, मुंबई और गुजरात हाईकोर्ट में फिल्म की रिलीज पर  रोक लगाने की याचिका दायर की है. याचिकाकर्ताओं का कहना है कि यह फिल्म सामाजिक सौहार्द को प्रभावित कर सकती है, वहीं फिल्म निर्माता दावा कर रहे हैं कि उनका उद्देश्य केवल सत्य को सामने लाना है.

Tags

Advertisement
टिप्पणियाँ 0
LIVE
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Close
ADVERTISEMENT
NewsNMF
NMF App
Download
शॉर्ट्स
वेब स्टोरीज़
होम वीडियो खोजें