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वेटिंग टिकट की नहीं अब कोई टेंशन, अपनाएं ये खास रेलवे स्कीम
दिवाली, छठ, होली या गर्मी की छुट्टियों जैसे समय में जब ट्रेनें पूरी तरह फुल होती हैं, तब ये दोनों सुविधाएं यात्रियों के लिए काफी सहायक साबित होती हैं. हालांकि कोई भी स्कीम 100% गारंटी नहीं देती कि टिकट कंफर्म होगा ही, लेकिन इनसे मौका जरूर बढ़ जाता है
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Railway Rules: त्योहारों और छुट्टियों का मौसम आते ही लोग अपने घर जाने की तैयारी में लग जाते हैं. ट्रेन का टिकट बुक कर लिया जाता है, बैग भी पैक हो जाता है लेकिन अगर टिकट वेटिंग में आ जाए, तो सारा मूड बिगड़ जाता है. सबसे बड़ी चिंता यही होती है कि आखिरी वक्त तक टिकट कंफर्म नहीं हुआ तो क्या करें? लेकिन घबराने की जरूरत नहीं है, क्योंकि रेलवे के पास कुछ ऐसी सुविधाएं हैं जिनसे वेटिंग टिकट वालों को कंफर्म सीट मिलने का अच्छा मौका मिल सकता है. इनमें दो ऑप्शन सबसे ज्यादा काम के हैं तत्काल बुकिंग और विकल्प स्कीम.
तत्काल टिकट: जब सफर बिल्कुल जरूरी हो
अगर आपको अचानक कहीं जाना हो और टिकट कंफर्म न मिल रहा हो, तो तत्काल टिकट एक बेहतरीन विकल्प हो सकता है. यह सुविधा आपकी यात्रा की तारीख से ठीक एक दिन पहले खुलती है. इसमें कुछ सीटें पहले से ही तत्काल के लिए रिज़र्व रहती हैं, जिन्हें जल्दी बुक किया जा सकता है.
हालांकि, इसमें सीटें बहुत सीमित होती हैं और बुकिंग काफी तेज़ी से भर जाती है. इसलिए आपको सही वक्त पर वेबसाइट या टिकट काउंटर पर पहुंचना जरूरी होता है। लेकिन अगर किस्मत साथ दे, तो वेटिंग टिकट की चिंता छोड़कर आप सीधे यात्रा कर सकते हैं.
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विकल्प स्कीम: वेटिंग वालों को दूसरी ट्रेन में मिल सकती है सीट
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विकल्प स्कीम रेलवे की एक खास सुविधा है, जो उन यात्रियों के लिए बनाई गई है जिनका टिकट वेटिंग में रह जाता है. अगर आपने टिकट बुक करते वक्त इस स्कीम को चुना है और आपकी ट्रेन में सीट कंफर्म नहीं हुई, तो रेलवे आपको दूसरी ट्रेन में कंफर्म सीट दे सकता है बिल्कुल फ्री में, बिना किसी एक्स्ट्रा चार्ज के.
इस स्कीम का फायदा यह है कि आपको अलग से कुछ करने की जरूरत नहीं होती. सिस्टम खुद ही आपकी टिकट स्टेटस चेक करता है और अगर ज़रूरत हुई, तो आपको दूसरी ट्रेन में सीट अलॉट कर देता है. बस, टिकट बुकिंग करते वक्त आपको यह विकल्प एक्टिवेट करना होता है.
भीड़ वाले समय में मिल सकती है बड़ी राहत
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दिवाली, छठ, होली या गर्मी की छुट्टियों जैसे समय में जब ट्रेनें पूरी तरह फुल होती हैं, तब ये दोनों सुविधाएं यात्रियों के लिए काफी सहायक साबित होती हैं. हालांकि कोई भी स्कीम 100% गारंटी नहीं देती कि टिकट कंफर्म होगा ही, लेकिन इनसे मौका जरूर बढ़ जाता है. तो अगली बार जब आप सफर की योजना बनाएं और टिकट वेटिंग में चला जाए, तो ये दो रास्ते जरूर आज़माएं तत्काल टिकट बुकिंग या विकल्प स्कीम का इस्तेमाल. इससे आपका सफर टेंशन-फ्री और कंफर्म हो सकता है.