×
जिस पर देशकरता है भरोसा
Advertisement

रेल इंजन के निर्माण में बरेका ने रचा इतिहास, ज्यादा ताकत, लेटेस्ट टेक्नोलॉजी से लैस 2500वां विद्युत लोकोमोटिव किया गया राष्ट्र को समर्पित

बनारस रेल इंजन कारखाना यानी कि बरेका ने रेल इंजन के निर्माण में इतिहास रच दिया है. इसी कड़ी में 2500वें विद्युत रेल इंजन का लोकार्पण और राष्ट्र को समर्पित किया गया है

Author
19 Jul 2025
( Updated: 11 Dec 2025
08:28 AM )
रेल इंजन के निर्माण में बरेका ने रचा इतिहास, ज्यादा ताकत, लेटेस्ट टेक्नोलॉजी से लैस 2500वां विद्युत लोकोमोटिव किया गया राष्ट्र को समर्पित
Image: Bareka/ NMF News
Advertisement

बनारस रेल इंजन कारखाना बरेका ने आज तकनीकी उत्कृष्टता और नवाचार की नई ऊंचाइयों को छूते हुए 2500वें विद्युत रेल इंजन को राष्ट्र को समर्पित किया. इस ऐतिहासिक लोकोमोटिव का लोकार्पण महाप्रबंधक नरेश पाल सिंह द्वारा बरेका परिसर में हर्षोल्लास के साथ किया गया.

इस गौरवपूर्ण अवसर पर नेशनल प्रेस पार्टी के 44 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल ने कार्यकारी निदेशक सूचना एवं प्रचार दिलीप कुमार के नेतृत्व में बरेका का औपचारिक दौरा किया. इस कार्यक्रम की शुरुआत हॉल ऑफ फेम में एक विस्तृत प्रस्तुतीकरण से हुई जिसमें बरेका के निर्माण इतिहास निर्यात उपलब्धियों स्वदेशीकरण हरित ऊर्जा प्रयासों एवं तकनीकी नवाचारों को रेखांकित किया गया. इसके उपरांत प्रतिनिधियों ने बरेका की अत्याधुनिक कर्मशालाओं का भ्रमण कर लोकोमोटिव निर्माण प्रक्रिया का प्रत्यक्ष अवलोकन किया.

बरेका में 2500वां इंजन राष्ट्र को समर्पित

Advertisement

महाप्रबंधक नरेश पाल सिंह ने बरेका की महिला कार्यबल अनिता देवी, फिटर श्रुति श्रीवास्तव, सहायक मो. निजामुद्दीन एसएसई एवं कृष्ण कुमार एमसीएम के साथ मिलकर 2500वें इलेक्ट्रिक लोको को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया जो महिला सशक्तिकरण और राष्ट्र निर्माण में भागीदारी का प्रतीक बना.

इस दौरान प्रमुख मुख्य विभागाध्यक्ष वरिष्ठ अधिकारी कर्मचारी परिषद सदस्य एवं बड़ी संख्या में कर्मचारी उपस्थित रहे जिनकी सहभागिता ने इस पल को स्मरणीय बना दिया.

8 वर्षों में 2500 विद्युत रेल इंजन के निर्माण का एक कीर्तिमान

2017 में दो विद्युत इंजन के निर्माण से शुरू हुई यह यात्रा मात्र 8 वर्षों में 2500वें विद्युत लोकोमोटिव तक पहुँची है यह बरेका की उत्पादन क्षमता दृढ़ इच्छाशक्ति और तकनीकी सामर्थ्य का प्रमाण है.

अब तक बरेका द्वारा कुल 10822 लोकोमोटिव बनाए जा चुके हैं जिनमें: 

Advertisement

7498 डीजल इंजन.
2500 विद्युत इंजन.
641 गैर रेलवे ग्राहकों हेतु डीजल इंजन.
174 निर्यातित डीजल इंजन.
1 ड्यूल ट्रैक्शन इंजन.
8 कन्वर्जन इंजन शामिल हैं.

वित्तीय वर्ष 2024 25 में बरेका ने रिकॉर्ड 472 इलेक्ट्रिक लोको का निर्माण किया जो आत्मनिर्भर भारत की दिशा में एक मजबूत कदम है.

ताकत और मॉडर्न टेक्नोलॉजी से लैस WAP 7 कैटेगरी का इंजन

2500वां इंजन आधुनिक तकनीक से लैस WAP 7 श्रेणी का है जिसमें 6000 HP क्षमता वातानुकूलित कैब रीजेनेरेटिव ब्रेकिंग और 140 किमी प्रति घंटा की गति क्षमता जैसे गुण समाहित हैं यह इंजन दक्षिण पश्चिम रेलवे के कृष्णराजपुरम शेड को भेजा जा रहा है.

Advertisement

रेल इंजन प्रोडक्शन में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहुंचान बना रहा है बरेका

हाल ही में मोजाम्बिक रेलवे द्वारा बरेका को 10 आधुनिक डीजल इलेक्ट्रिक लोकोमोटिव का ऑर्डर मिला है जिनमें से 2 इंजन जून 2025 में रवाना हो चुके हैं शेष 8 इंजनों की आपूर्ति दिसंबर 2025 तक पूर्ण की जाएगी.

बेरका ने रेल इंजन के क्षेत्र में बनाया इतिहास, कार्यक्रम में शामिल हुए कई अधिकारी 
इस कार्यक्रम में बरेका के शीर्ष अधिकारी विवेक शील, प्रमुख मुख्य यांत्रिक इंजीनियर आलोक अग्रवाल, प्रमुख मुख्य सामग्री प्रबंधक विनोद कुमार शुक्ल, प्रमुख मुख्य इंजीनियर मुक्तेश मित्तल, प्रधान वित्त सलाहकार लालजी चौधरी, प्रमुख मुख्य कार्मिक अधिकारी प्रशासन डॉ. देवेश कुमार, प्रमुख मुख्य चिकित्सा अधिकारी देवराज कुमार मौर्य महानिरीक्षक सह प्रमुख मुख्य सुरक्षा आयुक्त अंकुर चंद्रा, मुख्य सतर्कता अधिकारी मनोज कुमार गुप्ता, मुख्य विद्युत इंजीनियर अनुराग कुमार गुप्ता, मुख्य अभिकल्प इंजीनियर विद्युत अनुज कटियार, उप महाप्रबंधक एवं मुख्य जन संपर्क अधिकारी राजेश कुमार सहित सैकड़ों अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे.

सच में बरेका की यह उपलब्धि न केवल एक औद्योगिक सफलता है बल्कि यह भारत की तकनीकी प्रगति, महिला सशक्तिकरण और आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ते कदम का भी प्रतीक है.

Tags

Advertisement
टिप्पणियाँ 0
LIVE
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Close
ADVERTISEMENT
NewsNMF
NMF App
Download
शॉर्ट्स
वेब स्टोरीज़
होम वीडियो खोजें