Advertisement

Loading Ad...

'हिंदुओं को चिल्लाने की जरूरत नहीं पड़ती...', सऊदी-PAK ट्रोल्स को UAE एक्सपर्ट ने लगाई लताड़, कहा-इंडियंस कहलाना गर्व की बात

अबु धाबी में बने हिंदू मंदिर के कारण कुछ सऊदी-पाकिस्तानी ट्रोल्स UAE को इंडियंस कह कर ट्रोल करना चाह रहे थे. इसका एक यएई के ही एक एक्सपर्ट ने तगड़ा जवाब दिया और बता दिया कि भारतीय-हिंदू होना अपमान नहीं गर्व की बात.

Amjad Taha (File Photo)
Loading Ad...

यमन में लंबे समय से जारी युद्ध और विद्रोह ने खाड़ी के दो बड़े इस्लामी देशों सऊदी अरब और यूएई के बीच रिश्ते को बिगाड़ दिए. दोनों देशों के बीच वर्चस्व की लड़ाई ने झगड़े को लोकल लेवल तक पहुंचा दिया है. इतनी ही नहीं ये लड़ाई अब सोशल मीडिया पर शुरू हो गई है. X पर कुछ सऊदी ट्रोल्स यूएई पर नस्लवादी टिप्पणी कर रहे हैं. उन्हें इंडियंस कह कर ट्रोल करने की कोशिश कर रहे हैं. 

सऊदी वाले इसलिए यूएई को ट्रोल करने की कोशिश कर रहे हैं क्योंकि यूएई के अबु धाबी में विश्व प्रसिद्ध हिन्दू BAPS मंदिर का निर्माण हुआ. इसलिए अब वो ऐसी टिप्पणियां कर रहे हैं. खैर इस पर यूएई के एक एक्सपर्ट अमजद ताहा ने सऊदी-पाकिस्तानी ट्रोल्स को तगड़ा जवाब दिया है और हिंदुओं की ताकत, संस्कृति और सभ्यता से परिचय करवाया है. उन्होंने तगड़ी लताड़ लगाई है. उनके इस पोस्ट के बाद नेटिजंस ने सऊदी अरब और पाकिस्तान दोनों को घेरना शुरू कर दिया है. एक जबरदस्त बहस छिड़ गई है.

अमजद ने सऊदी ट्रोल्स की ट्रोलिंग की कटिंग और स्क्रीनशॉट शेयर करते हुए लिखा कि भारतीय कहलवाना अपमान नहीं गर्व का विषय है सऊदी अरब के कुछ ऑनलाइन ट्रोल यूएई के नागरिकों को “इंडियन” कहकर ट्रोल (खिल्ली उड़ाने) करने की कोशिश कर रहे हैं और हिंदू मंदिर की (UAE में) मौजूदगी का मज़ाक उड़ा रहे हैं. तो साफ़ कर दें  हमें “इंडियन” कहा जाना कोई अपमान नहीं है.उन्होंने हिंदुस्तान की लंबी, प्राचीन और समृद्ध गौरवशाली परंपरा का बखान करते हुए ट्रोल्स की हैसियत बता दी. 

Loading Ad...

"भारत और भारतीय सभ्यता मानव इतिहास की महानतम सभ्यताओं में से एक है. एक ऐसी सभ्यता जिसने दुनिया को गणित, दर्शन, चिकित्सा और आध्यात्मिक गहराई दी उस समय, जब कई आज के आधुनिक राष्ट्र अस्तित्व में भी नहीं थे." उन्होंने आगे कहा कि हम भारत के साथ रहते हैं, भारत के साथ काम करते हैं, भारत के साथ आगे बढ़ते हैं, और भारत का सम्मान करते हैं."उन्होंने कहा कि "असल में शर्मनाक यूएई की खुलेपन की सोच नहीं है, बल्कि सऊदी ट्रोल्स का भारतीयों के प्रति नस्लवादी रवैया है जिन भारतीयों पर वे आर्थिक रूप से निर्भर हैं, लेकिन ऑनलाइन उन्हें नीचा दिखाने की कोशिश करते हैं. यह ताक़त नहीं है. यह नैतिक कमजोरी है."

Loading Ad...

"हिंदू चिल्लाते नहीं क्योंकि उन्हें पता है उनकी संस्कृति क्या है"

वहीं हिंदुओं के बारे में अमजद ताहा ने कहा कि, "भारतीय ज्ञान हमें सिखाता है “वसुधैव कुटुम्बकम्” यानी पूरी दुनिया एक परिवार है. हिंदू इसलिए गर्व करते हैं क्योंकि वे चिल्लाते नहीं, बल्कि इसलिए क्योंकि उन्हें पता है वे कौन हैं. सभ्यताओं को खुद को मज़बूत दिखाने के लिए गालियाँ नहीं देनी पड़तीं. वे ज्ञान, सम्मान और समय की कसौटी पर खड़ी होती हैं. और इतिहास हमेशा याद रखता है किसने सभ्यताएं बनाई थीं और किसने सिर्फ़ उनका मज़ाक उड़ाया था."हालांकि ये भी कहा जा रहा है कि हर मामले में अपना फायदा और पैसा देखने वाला भीखारी पाकिस्तान भी इसके पीछे हो सकता है. पाकिस्तानियों के बारे में कहा जाता है कि वो बहुरुपिया, भेष बदलकर वार करने में माहिर हैं. उन्होंने ही सऊदी चोला डालकर X पर यूएई को ट्रोल कर रहे हैं.

Loading Ad...

उनके इस पोस्ट पर यूएई-भारत में समर्थन की बाढ़ आ गई. एक सोमालियाई वकील Rizzy HJ ने कहा कि यह अजीब बात है कि वे भारतीयों का मज़ाक उड़ाते हैं, लेकिन सऊदी अरब को बनाने वाले वही (इंडियंस) लोग हैं. सऊदी भाइयों का कोई अपमान नहीं, लेकिन यह सोचना मुश्किल है कि अगर उनकी लेबर फ़ोर्स में सिर्फ़ उनके अपने नागरिक होते, तो सऊदी अरब आज कैसा दिखता. 

वहीं एक अन्य X यूजर M.O. Thirunarayanan ने कहा कि:

Loading Ad...

"क्या ये ट्रोल पाकिस्तानी हैं जो सऊदी होने का दिखावा कर रहे हैं?" 

इसके अलावा एक दूसरे King Tigrenok नाम के यूजर ने कहा कि:

 "ये ज़्यादातर पाकिस्तानी और बांग्लादेशी अकाउंट हैं.इन्हें नज़रअंदाज़ करें." 

Loading Ad...

कौन हैं अमजद ताहा?
अमजद ताहा एक ब्रिटिश-अरब इन्फ्लुएंसर और स्ट्रैटेजिक और पॉलिटिकल मामलों (मिडिल ईस्ट) के अमीराती एक्सपर्ट हैं. वह एक लेखक, एनालिस्ट और रिसर्चर हैं. उनका हालिया दौरा 2023 में G20 समिट 2023 से पहले G20 वर्किंग ग्रुप मीटिंग में हुआ था. इस दौरान उन्होंने कश्मीर का भी दौरा किया था और उसकी खूबसूरती का पूरी दुनिया के सामने बखान किया था. 

"यह स्विट्जरलैंड या ऑस्ट्रिया नहीं है; यह भारत है, और यह कश्मीर है"

उन्होंने कश्मीर की वादियों की तस्वीर पोस्ट कर लिखा था कि "यह स्विट्जरलैंड या ऑस्ट्रिया नहीं है; यह भारत है, और यह कश्मीर है जहाँ G20 होने वाला है। इसे "धरती पर स्वर्ग" कहा जाता है, एक ऐसी जगह जिसने धरती को बचाकर रखा है और जो क्लाइमेट चेंज का समाधान हो सकती है..."

Loading Ad...

यह भी पढ़ें

उन्होंने आगे लिखा था कि, "कश्मीर में, हम देखते हैं कि मुस्लिम, हिंदू, सिख और ईसाई सभी शांति से रहते हैं और अपनी अलग-अलग संस्कृति का आनंद लेते हैं, साथ ही भविष्य के लिए दुनिया के इनोवेशन और डेवलपमेंट में योगदान देते हैं।"

LIVE
अधिक →

Advertisement

Loading Ad...
Loading Ad...
Loading Ad...
अधिक →

Advertisement

Loading Ad...