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IPL 2025: बैट चेक में फेल हुए सुनील नारायण और एनरिक नॉर्खिया के बल्ले, होगा बड़ा एक्शन?
बैट चेक के दौरान बल्ले की चौड़ाई को एक गेज के बीच से गुजारा जाता है। नारायण के बल्ले का सबसे मोटा हिस्सा गेज को पार नहीं कर सका।
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आईपीएल 2025 में पंजाब किंग्स के खिलाफ मैच के दौरान कोलकाता नाइट राइडर्स (KKR) के सुनील नारायण और एनरिक नॉर्खिया के बल्ले, बैट चेक में फेल हो गए।
बैट चेक मे फेल हुआ नारायण का बल्ला
सलामी बल्लेबाज नारायण के बल्ले को केकेआर की पारी शुरू होने से पहले ही रिजर्व अंपायर सैय्यद खालिद द्वारा डगआउट में ही चेक किया गया। इस दौरान नारायण के साथ-साथ अंगकृष रघुवंशी भी खड़े थे। बैट चेक के दौरान बल्ले की चौड़ाई को एक गेज के बीच से गुजारा जाता है। नारायण के बल्ले का सबसे मोटा हिस्सा गेज को पार नहीं कर सका।
KKR के लिए रघुवंशी ने सबसे ज्यादा 37 रन बनाए
इस दौरान नारायण खालिद से बातचीत करते नजर आए और रघुवंशी का बल्ला भी गौर से देखा। रघुवंशी का बल्ला इस चेकिंग के दौरान पास हो गया। पहली पारी के दौरान तीन ओवर में 14 रन देकर दो विकेट लेने वाले नारायण ने अपनी पारी में एक चौके की मदद से चार गेंदों में पांच रन बनाए। वहीं रघुवंशी केकेआर की तरफ से 28 गेंदों में 37 रन बनाकर सर्वश्रेष्ठ स्कोरर रहे।
नारायण के बाद नॉर्खिया का बल्ला भी हुआ बैट चेक में फेल
केकेआर के चेज के दौरान एक समय वे आठ ओवर में 64 रन पर दो विकेट के स्कोर के साथ बहुत मजबूत दिख रहे थे। लेकिन इसके बाद उनकी पारी लड़खड़ा गई और नॉर्खिए अंतिम बल्लेबाज के रूप में बल्लेबाजी के लिए आए। लेकिन वह जिस बल्ले के साथ बल्लेबाजी के लिए उतरे थे, उसे वापिस भेज दिया गया क्योंकि टीवी कॉमेंटेटर्स के अनुसार अंपायर्स मोहित कृष्णदास और साईदर्शन कुमार के बैट चेक में उनका बल्ला फेल हो गया।
यह घटना 16वें ओवर के दौरान हुई और इस दौरान खेल को रोकना पड़ा। इसके बाद सब्सिट्यूट रहमानउल्लाह गुरबाज नॉर्खिए के लिए अतिरिक्त बल्ले लेकर आए। यह बल्ला, बैट टेस्ट में पास हो गया। हालांकि नॉर्खिए को इस बल्ले से एक भी गेंद खेलने को नहीं मिला क्योंकि स्ट्राइक पर खड़े आंद्रे रसेल अगली ही गेंद पर बोल्ड हो गए।
इससे पहले रविवार को हुए दोनों मैचों के दौरान कई बल्लेबाजों के बैट चेक किए गए थे। नियमों के अनुसार किसी भी बल्ले की चौड़ाई 10.79 सेमी और मोटाई 6.7 सेमी से अधिक नहीं होनी चाहिए, जबकि बल्लों के किनारे की चौड़ाई 4 सेमी से अधिक नहीं होनी चाहिए। वहीं बल्लों की लंबाई 96.4 सेमी से अधिक नहीं होनी चाहिए।
Input: IANS
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