आदिशक्ति स्वरूपा मां संकटा मंदिर बनारस की तंग गलियों में मौजूद है, लेकिन फिर भी मां को पूजने वाले भक्तों की संख्या में कमी नहीं है. भक्तों और स्थानीय लोगों को विश्वास है कि मां आने वाले संकट को भी हर लेती हैं और उन्हें उपचार की देवी के नाम से भी जाना जाता है.
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धर्म ज्ञान22 Feb, 202607:21 AMमां संकटा मंदिर: भगवान शिव के कष्ट हरने वाली मां संकटा करती हैं पापों का नाश, अद्भुत हैं दिव्य शक्ति के दर्शन
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राज्य15 Feb, 202610:47 AMमहाशिवरात्रि: भूत-पिशाचों की टोली, बैलगाड़ी पर शिव पार्वती और केंद्रीय मंत्री बने गाड़ीवान, दिखा अलग नजारा
बिहार के हाजीपुर में हर साल महाशिवरात्रि पर भगवान शिव की बारात निकलती है. केंद्रीय मंत्री नित्यानंद राय 30 साल से शिव बारात में गाड़ीवान बन रहे हैं.
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न्यूज14 Feb, 202609:52 AM'भोलेनाथ, मेरे पापा की दारू छुड़ा दो...', अलीगढ़ के शिव मंदिर में 9 साल की बच्ची ने की महादेव से भावुक प्रार्थना
महाशिवरात्रि से पहले अलीगढ़ के गंभीरपुरा मोहल्ले से एक मार्मिक मामला सामने आया. दिल्ली से नाना-नानी के घर आई 9 साल की बच्ची कांवड़ लेकर मंदिर पहुंची और भगवान शिव से प्रार्थना की कि उसके पिता शराब छोड़ दें.
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धर्म ज्ञान14 Feb, 202608:00 AMमहाशिवरात्रि पर करें ये 10 आसान उपाय, दूर होंगी सारी परेशानी, मिलेगी महादेव की विशेष कृपा
महाशिवरात्रि के मौके पर आसान और प्रभावशाली उपाय अपनाकर आप भगवान भोलेनाथ की विशेष कृपा प्राप्त कर सकते हैं.
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धर्म ज्ञान31 Jan, 202606:35 AMपिता महेश्वर शिवलिंग: 40 फीट की गहरी सुरंग में विराजमान हैं भगवान शिव के पिता! साल में एक बार मिलता है दर्शन का अवसर
काशी भगवान शिव के त्रिशूल पर टिकी है और वही हर मुसीबत से काशी को बचाते हैं. काशी में भगवान शिव के असंख्य मंदिर हैं, जिनकी महिमा पुराणों में भी व्याप्त है, लेकिन आज हम आपको काशी के ऐसे मंदिर के बारे में बताएंगे, जहां छोटे से छेद से भक्त भगवान शिव के पिता स्वरूप शिवलिंग 'पिता महेश्वर' के दर्शन करते हैं.
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मनोरंजन30 Jan, 202603:00 PMमहादेव की भक्ति में लीन हुईं अनन्या पांडे, गौ सेवा करती आईं नज़र, Video हुआ VIRAL
अनन्या पांडे हाल ही में शिव मंदिर के दर्शन करने गई थीं. इसके अलावा व गौशाला में गाय को चारा खिलाती भी नज़र आई थी. उन्होंने वहां पर बिताए पलों को कैमरे में कैद कर इंस्टाग्राम पर शेयर किया है.
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धर्म ज्ञान29 Jan, 202602:00 PMशुक्र प्रदोष व्रत: महादेव-माता पार्वती की कृपा प्राप्ति का विशेष दिन, जानें क्या करने से पूरी होगीं मनोकामनाएं, नोट कर लें शुभ मुहूर्त
माघ माह का अंतिम प्रदोष व्रत 30 जनवरी को पड़ रहा है. यह व्रत विशेष रूप से भगवान शिव को समर्पित है और शुक्रवार को होने के कारण इसे शुक्र प्रदोष व्रत कहा जाता है.
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धर्म ज्ञान10 Jan, 202611:10 AMमकर संक्रांति पर इस मंदिर में खुद सूर्य करते हैं भगवान शिव का राजतिलक, साल में एक दिन अद्भुत नजारा
मकर संक्रांति को शाम 5 बजे के आसपास जब सूरज ढलने की स्थिति में होता है, तब सूर्य की किरणें पहले मंदिर के बाहर लगे स्तंभों से टकराकर मंदिर के अंदर प्रवेश करती हैं और फिर नंदी महाराज के सींग को छूते हुए सीधे गर्भगृह में मौजूद शिवलिंग को छूती हैं.
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धर्म ज्ञान04 Jan, 202601:00 PM2026 में शुभ कार्य करने से पहले जान लें ये ज्योतिष सलाह, वरना हो सकता है भारी नुकसान
ज्योतिष के अनुसार, इस बार नया साल खरमास में पड़ रहा है और इसी कारण कुछ खास बातों का ध्यान रखना बहुत जरूरी है.
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धर्म ज्ञान20 Dec, 202509:34 AMघृष्णेश्वर ज्योतिर्लिंग मंदिर: इसी स्थान पर क्यों घृष्णेश्वर रूप में प्रकट हुए थे भगवान शिव, जानें इसका रहस्य
महाराष्ट्र में स्थापित घृष्णेश्वर ज्योतिर्लिंग मंदिर, जिसका नाम भी एक भक्त की सच्ची श्रद्धा से प्रेरित होकर रखा गया है. महाराष्ट्र में दौलताबाद से 20 किमी दूर वेरुल में घृष्णेश्वर ज्योतिर्लिंग मंदिर स्थापित है, जो 12 ज्योतिर्लिंगों में से एक है. इस मंदिर को कुसुमेश्वर और गृश्मेश्वर मंदिरों के नाम से भी जाना जाता है.
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धर्म ज्ञान14 Dec, 202506:44 AMShri Durga Nageswara Swamy Temple: ग्रहों से जुड़ी समस्या होगी खत्म, सर्प दोष से मिलेगी मुक्ति, जानें मंदिर का रहस्य
आंध्र प्रदेश के कृष्णा जिले के पास बने पुराने गांव पेडाकल्लेपल्ली में श्री दुर्गा नागेश्वर स्वामी मंदिर स्थापित है. इस मंदिर को पेडाकल्लेपल्ली मंदिर के नाम से भी जाना जाता है. मंदिर में भगवान शिव नागेश्वर स्वामी के रूप में विराजमान हैं और मां पार्वती को मां दुर्गा के रूप में विराजित किया गया है. ये मंदिर भगवान शिव और मां पार्वती के प्रेम और तप का प्रतीक है.
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धर्म ज्ञान06 Nov, 202504:08 PMउत्तराखंड के इस गांव में माता पार्वती ने दिया भगवान शिव को विवाह का प्रस्ताव, इस मंदिर के बिना अधूरे हैं केदारनाथ के दर्शन! जानें पौराणिक कथा
उत्तराखंड के रुद्रप्रयाग की पवित्र घाटी में बसा गुप्तकाशी वो रहस्यमयी धाम है जहां भक्ति और लोगों की अटूट आस्था एक साथ सांस लेती हैं. माना जाता है कि महाभारत के बाद भगवान शिव पांडवों से रुष्ट होकर यहीं गुप्त रूप में छिप गए थे, तभी से यह स्थान “गुप्तकाशी” कहलाया. लेकिन क्या आप जानते हैं कि यहीं मां पार्वती ने शिव को विवाह का प्रस्ताव दिया था, साथ ही उनका दिव्य प्रेम भी यहीं से आरंभ हुआ. इस मंदिर से जुड़ी पौराणिक कथा जानें…
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धर्म ज्ञान06 Nov, 202501:29 PMआखिर क्यों कैलाश छोड़कर माता पार्वती के साथ काशी में बसे महादेव? जानें पौराणिक कथा!
भारत के उत्तर प्रदेश में वसा एक शहर जो अपने रहस्यों के लिए जाना जाता है. नाम है काशी यानि मोक्ष की नगरी. मान्यता है कि यही वो स्थान है जहां दाह संस्कार करने के बाद आत्मा पारमात्मा से जाकर मिलती है. इतना ही नहीं देवों के देव महादेव भी माता पार्वती के साथ यहीं विराजते हैं और अपने भक्तों को मोक्ष प्रदान करते हैं. लेकिन एक सवाल मन में उठता है कि आखिर क्यों भगवान शिव कैलाश छोड़कर माता पार्वती के साथ यहां रहने के लिए आए? आइये विस्तार से जानते हैं…