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बसों की कमी होगी दूर, हरियाणा रोडवेज में शामिल होंगी 125 नई बसें
Haryana: 125 नई बसों का जुड़ना रोडवेज और यात्रियों दोनों के लिए बड़ी राहत साबित होगा. इससे परिवहन व्यवस्था मजबूत होगी, सफर आसान बनेगा और लोगों को बेहतर सुविधा मिल सकेगी.
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Haryana Roadways New Buses: प्रदेश में रोडवेज बसों की कमी से जो परेशानी लंबे समय से बनी हुई है, अब उसमें जल्द राहत मिलने वाली है. यात्रियों को समय पर बस न मिलने, भीड़ बढ़ने और कई रूटों पर सेवाएं कम होने की समस्या अब धीरे-धीरे खत्म हो सकती है. परिवहन विभाग ने रोडवेज के बेड़े में 125 नई बसें शामिल करने का फैसला लिया है, जिसके लिए प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है. इससे न केवल रोडवेज प्रबंधन को राहत मिलेगी बल्कि आम जनता को भी सफर में सुविधा मिलेगी.
पहले से मंजूर थी 500 बसों की योजना
परिवहन विभाग ने वर्ष 2024 में ही रोडवेज के लिए 500 नई बसें खरीदने की योजना बनाई थी. इस योजना को दिसंबर 2024 में मुख्यमंत्री की अध्यक्षता में हुई हाई पावर परचेजिंग कमेटी की बैठक में मंजूरी मिल गई थी. अब उसी योजना के तहत विभाग ने 125 अतिरिक्त बसें और खरीदने का निर्णय लिया है. इसका मकसद प्रदेश में लगातार बढ़ रही यात्रियों की संख्या और बसों की कमी को पूरा करना है.
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टाटा मोटर्स से मांगे गए बसों के चेसिस
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परिवहन विभाग ने इन 125 बसों के लिए टाटा मोटर्स कंपनी को चेसिस उपलब्ध कराने की मांग भेज दी है.विभाग की ओर से एक बस की कीमत जीएसटी सहित 20 लाख 35 हजार रुपये तय की गई है. यह कीमत सरकार द्वारा तय नियमों के अनुसार है. विभाग ने यह भी साफ किया है कि बसों की पूरी राशि एक महीने के भीतर चुका दी जाएगी, जिससे बसों की डिलीवरी में कोई देरी न हो.
जल्दी मिलने की उम्मीद, भुगतान होगा शत प्रतिशत
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परिवहन विभाग द्वारा शत प्रतिशत भुगतान जल्द करने की बात कहे जाने से यह उम्मीद बढ़ गई है कि बसों की डिलीवरी भी जल्दी हो जाएगी. जैसे ही चेसिस उपलब्ध होंगे, आगे की प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी. इससे रोडवेज के बेड़े में नई बसें समय पर जुड़ सकेंगी और लोगों को इसका फायदा जल्दी मिलेगा.
बाडी तैयार होने के बाद डिपो में भेजी जाएंगी बसें
बसों के चेसिस मिलने के बाद उनकी बाडी हरियाणा इंजीनियरिंग कारपोरेशन, गुरुग्राम में तैयार की जाएगी. बाडी बनने के बाद इन बसों को प्रदेश के अलग-अलग रोडवेज डिपो में भेजा जाएगा. इसके बाद इन्हें नियमित रूटों पर चलाया जाएगा. इससे पुराने रूटों पर बसों की संख्या बढ़ेगी और कई जगहों पर नए रूट भी शुरू किए जा सकेंगे.
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यात्रियों को होगा सीधा फायदा
फिलहाल प्रदेशभर में रोडवेज के बेड़े में करीब 4700 बसें हैं. कई जिलों में बसों की कमी के कारण यात्रियों को लंबा इंतजार करना पड़ता है. नई बसें जुड़ने से न सिर्फ भीड़ कम होगी, बल्कि समय पर बस सेवा भी मिलेगी. छात्रों, कर्मचारियों और ग्रामीण इलाकों के लोगों को इससे खास फायदा होगा.
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125 नई बसों का जुड़ना रोडवेज और यात्रियों दोनों के लिए बड़ी राहत साबित होगा. इससे परिवहन व्यवस्था मजबूत होगी, सफर आसान बनेगा और लोगों को बेहतर सुविधा मिल सकेगी. आने वाले समय में अगर इसी तरह बसों की संख्या बढ़ती रही, तो रोडवेज की हालत में बड़ा सुधार देखने को मिलेगा.