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राफेल का दम, सुखोई की गरज…. क्या है ELF जहां उतरा PM मोदी का विमान? असम से चीन को बड़ा संदेश
PM मोदी असम दौरे पर है. यहां उन्होंने मोरान में एयर शो देखा. यह एयर शो नॉर्थ ईस्ट की पहली इमरजेंसी लैंडिंग फैसिलिटी पर हुआ. जो रणनीतिक लिहाज से बेहद खास है.
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Assam First Emergency Landing Facility: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने असम से चीन को कड़ा संदेश दिया है. डिब्रूगढ़ में PM मोदी ऐतिहासिक पल के गवाह बने. उनके विमान एयरफोर्स बाहुबली विमान C-130J से डिब्रूगढ़ के मोरान बाईपास पर इमरजेंसी लैंडिंग फैसिलिटी (ELF) पर लैंडिंग की. यह एयरस्ट्रिप सैन्य रणनीति के लिहाज से बेहद अहम है, क्योंकि यह इलाका चाइना बॉर्डर से महज 300 किलोमीटर दूर है.
इमरजेंसी लैंडिंग फैसिलिटी में PM मोदी ने एयर शो भी देखा. जहां फाइटर, ट्रांसपोर्ट और हेलीकॉप्टर ने हवाई कलाबाजियां दिखाईं. मोरान हाईवे पर PM की मौजूदगी में राफेल, सुखोई समेत 16 लड़ाकू विमानों ने प्रदर्शन दिखाया. असम चुनाव के लिहाज से भी यह बेहद अहम है. क्योंकि यह पूर्वोत्तर भारत में अपनी तरह की पहली लैंडिंग फैसिलिटी है.
क्या है इमरजेंसी लैंडिंग फैसिलिटी?
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इमरजेंसी लैंडिंग फैसिलिटी (Emergency Landing Facility - ELF) एक खास तरह की डुअल-यूज़ इंफ्रास्ट्रक्चर है, जो मुख्य रूप से राष्ट्रीय राजमार्गों (National Highways) के एक हिस्से को इस तरह डिज़ाइन और मजबूत किया जाता है. जिसे सामान्य दिनों में हाईवे की तरह और युद्ध, आपातकाल, प्राकृतिक आपदा या किसी अन्य संकट की स्थिति में इसे तुरंत रनवे में बदला जा सकता है.
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भारतीय वायुसेना (IAF) के लड़ाकू विमान (Fighter Jets) जैसे राफेल, सुखोई, ट्रांसपोर्ट एयरक्राफ्ट (C-130J, Globemaster आदि) और हेलीकॉप्टर को संभालने में सक्षम होती है. आमतौर पर 40 टन तक के फाइटर जेट और 74 टन तक के मैक्सिमम टेक-ऑफ वजन वाले भारी विमानों को हैंडल कर सकती है. ELF के निर्माण में विशेष रूप से मजबूत कंक्रीट, सड़क की चौड़ाई, सतह की मजबूती और दोनों तरफ क्लियर ज़ोन रखा जाता है ताकि विमान सुरक्षित उतर सकें.
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यह इमरजेंसी फैसिलिटी असम के मुश्किल हालातों जैसे प्राकृतिक आपदाओं में भी मददगार होगी. इसके जरिए राहत और बचाव में देरी नहीं होगी. यह असम के साथ-साथ पश्चिम बंगाल और नॉर्थ ईस्ट के अन्य राज्यों के लिए भी बेहद अहम साबित होगा. PM मोदी की मौजूदगी में ELF में भारतीय सेना ने ताकत दिखाई. IAF के सुखोई Su-30MKI और राफेल फाइटर जेट्स ने मोरान बाईपास पर इमरजेंसी लैंडिंग फैसिलिटी (ELF) से उड़ान भरी.