Advertisement

Loading Ad...

भारत अपनी सीमा पर एक इंच जमीन का भी नहीं करेगी समझौता: पीएम मोदी

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को भारतीय सशस्त्र बलों के साथ दीपावली मनाने की अपनी परंपरा को जारी रखा। उन्होंने गुजरात के सर क्रीक में लक्की नाला में सैनिकों के साथ दीपावली मनाई। पीएम मोदी ने देश के प्रति उनके समर्पण की सराहना की।

Loading Ad...
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने गुरुवार को गुजरात के कच्छ में सैनिकों के साथ दिवाली मनाई और उन्हें संबोधित करते हुए दृढ़ शब्दों में कहा कि भारत अपनी सीमा की एक इंच जमीन पर भी समझौता नहीं कर सकता। यह बयान देश के सैनिकों के प्रति न केवल उनके समर्थन को दर्शाता है, बल्कि भारत की संप्रभुता और सुरक्षा के प्रति सरकार की कटिबद्धता को भी मजबूत करता है।

पीएम मोदी हर साल देश के जवानों के साथ दिवाली मनाते हैं। इस परंपरा को शुरू करते हुए उन्होंने सैनिकों के साथ समय बिताने और उनके समर्पण के प्रति अपनी कृतज्ञता व्यक्त करने के लिए एक अनूठा कदम उठाया है। कच्छ की सीमाओं पर जाकर उन्होंने यह संदेश दिया कि भारत की सीमाएं केवल सैनिकों की जिम्मेदारी नहीं हैं, बल्कि देश के हर नागरिक का कर्तव्य है कि वह इन सीमाओं की रक्षा में अपनी भूमिका निभाए।

प्रधानमंत्री ने सैनिकों से कहा, “आज भारत अपनी सीमाओं के एक इंच पर भी समझौता नहीं कर सकता। यही कारण है कि हमारी नीतियां हमारे सशस्त्र बलों के संकल्प के अनुरूप हैं। जब दुनिया आपको देखती है, तो वह भारत की ताकत देखती है, लेकिन जब दुश्मन आप की ओर देखते हैं, तो उन्हें अपनी नापाक साजिशों का अंत दिखाई देता है।”
सुरक्षा नीतियों में दृढ़ता का संदेश
प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि भारतीय सैनिकों के दृढ़ संकल्प और साहस के कारण ही देशवासियों को सुरक्षा का विश्वास है। मोदी ने कहा कि आज देशवासियों को अपने सैनिकों पर पूरा भरोसा है, और उन्हें यह यकीन है कि सेना अपनी आखिरी सांस तक देश की रक्षा के लिए संकल्पित है। उन्होंने कहा, “दुश्मनों की बातों पर भरोसा नहीं करना चाहिए, बल्कि अपनी सेना की ताकत पर विश्वास करना चाहिए।” पीएम मोदी ने भारतीय सेना की ताकत का जिक्र करते हुए कहा कि जब भी दुश्मन भारत की ओर देखते हैं, तो उन्हें अपने मंसूबों का अंत नजर आता है।
सरदार पटेल को श्रद्धांजलि 
प्रधानमंत्री मोदी ने दिवाली के अवसर पर देश के पहले गृह मंत्री सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती पर भी श्रद्धांजलि अर्पित की। सरदार पटेल, जिन्हें भारत के "लौह पुरुष" के रूप में जाना जाता है, ने देश की एकता और अखंडता के लिए अपने जीवन का बलिदान दिया। उनके सम्मान में बनाए गए स्टैच्यू ऑफ यूनिटी पर जाकर प्रधानमंत्री ने पुष्पांजलि अर्पित की और इस महान नेता के प्रति अपने सम्मान का इजहार किया। सरदार पटेल की जयंती, जिसे राष्ट्रीय एकता दिवस के रूप में मनाया जाता है, के अवसर पर पीएम मोदी ने भारत की एकता, अखंडता और संप्रभुता को बनाए रखने का संकल्प लिया।

इस दौरान पीएम मोदी ने राष्ट्रीय एकता दिवस परेड में भी हिस्सा लिया, जिसमें नौ राज्यों, एक केंद्र शासित प्रदेश की पुलिस, चार केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बल, राष्ट्रीय कैडेट कोर और एक बैंड समेत 16 मार्चिंग टुकड़ियां शामिल हुईं। यह परेड देशवासियों में एकता और देशप्रेम की भावना को प्रकट करने का एक प्रमुख माध्यम बन गया है। प्रधानमंत्री ने इस परेड के माध्यम से भारतीय नागरिकों को यह संदेश दिया कि भारत केवल एक भूखंड नहीं है, बल्कि विविधता में एकता का जीवंत प्रतीक है।

दो दिवसीय गुजरात दौरे पर पीएम मोदी

प्रधानमंत्री मोदी अपने दो दिवसीय गुजरात दौरे पर हैं। उन्होंने पहले दिन ही 284 करोड़ रुपये की परियोजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास किया। इसके अंतर्गत कई नए पर्यटन केंद्रों का भी उद्घाटन किया गया, जिससे गुजरात में पर्यटन को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। पीएम मोदी का यह दौरा न केवल गुजरात के विकास के लिए महत्वपूर्ण है, बल्कि इससे देश की प्रगति के लिए केंद्र सरकार की प्रतिबद्धता भी झलकती है।

प्रधानमंत्री मोदी के इस दौरे और उनके बयानों से एक बात स्पष्ट होती है कि भारत आज केवल एक मजबूत आर्थिक शक्ति नहीं है, बल्कि एक सशक्त सुरक्षा शक्ति भी है। भारत की सीमा की सुरक्षा के लिए सरकार ने अपने दृढ़ संकल्प का प्रदर्शन किया है और यह संदेश दिया है कि चाहे कोई भी चुनौती सामने हो, भारत अपनी सीमा की एक इंच जमीन पर भी समझौता नहीं करेगा।
source-IANS
Loading Ad...

यह भी पढ़ें

LIVE
अधिक →

Advertisement

Loading Ad...
Loading Ad...
Loading Ad...
अधिक →

Advertisement

Loading Ad...