Advertisement

Loading Ad...

यूपी को लेकर कांग्रेस आलाकमान ने लिया सबसे बड़ा फ़ैसला, जानिए क्या है पूरा मामला ?

कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने उत्तर प्रदेश में कांग्रेस को नए सिरे से मजबूत करने के लिए प्रदेश की सभी कमेटियों को तत्काल प्रभाव से भंग कर दिया है। पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव के सी वेणुगोपाल ने चिट्ठी जारी कर अप की सभी इकाइयों को भंग करने का आदेश जारी किया है।

Loading Ad...
उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव में भले ही अभी 2 साल से ज्यादा का वक्त बचा है लेकिन अभी से राज्य में सियासी पार्टियों ने अपनी-अपनी तैयारी में जुट गई है। एक तरफ जहां सूबे के मुखिया योगी आदित्यनाथ अभी से ही हिंदुत्व और धर्म के एजेंट को 27 के लिए सेट कर रहे हैं तो वहीं विपक्षी कांग्रेस ने भी उत्तर प्रदेश के लिए विशेष तैयारी शुरू कर दी है। पार्टी के अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने उत्तर प्रदेश में कांग्रेस को नए सिरे से मजबूत करने के लिए प्रदेश की सभी कमेटियों को तत्काल प्रभाव से भंग कर दिया है। पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव के सी वेणुगोपाल ने चिट्ठी जारी कर अप की सभी इकाइयों को भंग करने का आदेश जारी किया है। 


कांग्रेस की नई रणनीति

दरअसल, यूपी में मौजूदा राजनीति में अगर नजर डाले तो 2022 लोकसभा चुनाव में समाजवादी पार्टी और कांग्रेस ने मिलकर चुनाव लड़ा। जिसका विपक्षी दलों को फायदा मिला हालांकि नौ विधानसभा सीटों पर हुए उपचुनाव में कांग्रेस-सपा गठबंधन को हार का सामना करना पड़ा। इन नतीजे के बाद जिस तरीके से कांग्रेस आलाकमान की तरफ से उत्तर प्रदेश कांग्रेस की सभी कमेटी को भंग करने का आदेश जारी किया गया है। उसे आगामी विधानसभा चुनाव की तैयारी से जोड़कर भी देखा जा रहा है। बीते दिनों कई राज्यों में हुए विधानसभा चुनाव में कांग्रेस पार्टी को मिली हार के बाद अब पार्टी नए सीधे से अलग-अलग प्रदेश में अपने आप को मजबूत करने की तैयारी कर रही है। इसके लिए राजधानी दिल्ली में पार्टी के शीर्ष नेता लगातार मंथन कर रहे हैं और नए-नए फैसले लिए जा रहे हैं। इसी के तहत देश के सबसे बड़े सियासी राज्य उत्तर प्रदेश में पार्टी को जमीनी स्तर पर मजबूत करने के लिए नई रणनीति बनाई जा रही है ताकि 2027 में होने वाले विधानसभा चुनाव में कांग्रेस मजबूत स्थिति में रहे। पार्टी विधानसभा चुनाव अगर समाजवादी पार्टी के साथ गठबंधन में रहकर लड़ती है तो भी बराबरी के हक के साथ सीट की मांग कर सके। या तो फिर पार्टी बिना किसी गठबंधन के साथ प्रदेश की सभी विधानसभा सीट आर खुद के दम पर अकेले चुनाव लड़े। 


वेणुगोपाल के लेटर का विस्तार

कांग्रेस पार्टी के महासचिव कैसी वेणुगोपाल की ओर से जारी किए गए लेटर में लिखा है कि "उत्तर प्रदेश कांग्रेस की सभी कमेटियां,उप कमेटियां , और जिला स्तर की इकाइयों को तत्काल प्रभाव से भंग किया गया है। इसके बाद सभी पुराने पदाधिकारी कार्य समिति के सदस्य और विशेष प्रभार वाले नेता को अब अपने पद से मुक्त है। लेटर में वेणुगोपाल ने आगे कहा कि इन कमेटियों का गठन काफी पहले किया गया था लेकिन अब उत्तर प्रदेश में कांग्रेस को नए सिरे से मजबूत करने के लिए कमेटियों का फिर से गठन जल्द किया जाएगा। वेणुगोपाल के मुताबिक जब तक कांग्रेस की नई कमेटी का गठन नहीं होता, तब तक संगठन के 46 प्रकोष्ठ और अन्य विभाग के अध्यक्ष कार्यवाहक रूप में कार्य करते रहेंगे। कांग्रेस नेतृत्व का जमाना है कि पार्टी में नई ऊर्जा के संचार के लिए पुरानी कमेटी को बदलकर उसके साथ नई और युवा सोच वाले नेताओं को साथ में जोड़ा जाएगा। उनके साथ अनुभवी नेताओं को भी रखा जाएगा ताकि तालमेल बनाकर पार्टी को जमीनी स्तर पर मजबूत बनाए जा सके। 


गौरतलब है कि यूपी में विधानसभा चुनाव के लिए सत्ताधारी भाजपा जहाँ धर्म के मुद्दे पर तो वही समाजवादी पार्टी भी PDA फार्मूले के साथ विधानसभा चुनाव में तैयारी की है। वहीं अब कांग्रेस की तरफ से जो खबरें निकाल के सामने आ रही है। वह साफ-साफ बता रही है कि कांग्रेस भी आगामी विधानसभा चुनाव में अगर गठबंधन में रहती है तो बराबरी के हक से चुनाव लड़ती दिखाई दे सकती है।
Loading Ad...

यह भी पढ़ें

LIVE
अधिक →

Advertisement

Loading Ad...
Loading Ad...
Loading Ad...
अधिक →

Advertisement

Loading Ad...