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छत्तीसगढ़ CM साय का बेमेतरा दौरा, बिहार में एनडीए की जीत को बताया ऐतिहासिक
मुख्यमंत्री साय ने पत्रकारों से बात करते हुए बिहार विधानसभा चुनाव में एनडीए की ऐतिहासिक जीत पर प्रसन्नता व्यक्त की. उन्होंने कहा कि बिहार की जनता ने शानदार और अकल्पनीय परिणाम देते हुए वर्षों पुरानी लालू प्रसाद यादव और कांग्रेस गठबंधन की सरकार को नकार दिया है.
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छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय शुक्रवार को बेमेतरा जिले के एक दिवसीय दौरे पर रहे, जहां वे भव्य सृष्टि उद्योग प्राइवेट लिमिटेड द्वारा आयोजित कार्यक्रम में शामिल हुए. उन्होंने बिहार चुनाव को एनडीए के लिए ऐतिहासिक जीत बताया.
एनडीए की ऐतिहासिक जीत बोले सीएम साय
मुख्यमंत्री साय ने बांस से बनने वाले विविध उत्पादों, उनके निर्माण की तकनीक और उत्पादन प्रक्रिया का अवलोकन भी किया. इसके बाद वे सम्मेलन के मुख्य मंच पर आयोजित कार्यक्रम में शामिल हुए.
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कार्यक्रम की शुरुआत केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने वर्चुअल माध्यम से की. मुख्यमंत्री साय ने सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा कि गांव की पावन भूमि पर आयोजित यह बांस तीर्थ संकल्पना सम्मेलन अत्यंत प्रेरणादायी है.
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सीएम साय ने लालू और कांग्रेस गठबंधन पर साधा निशाना
मुख्यमंत्री साय ने पत्रकारों से बात करते हुए बिहार विधानसभा चुनाव में एनडीए की ऐतिहासिक जीत पर प्रसन्नता व्यक्त की. उन्होंने कहा कि बिहार की जनता ने शानदार और अकल्पनीय परिणाम देते हुए वर्षों पुरानी लालू प्रसाद यादव और कांग्रेस गठबंधन की सरकार को नकार दिया है.
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उन्होंने कहा कि जनता ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के विकास कार्यों, सुशासन तथा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में पुनः विश्वास जताया है. बिहार की जनता एवं सभी विजयी एनडीए विधायकों को हार्दिक बधाई देता हूं.
"कैबिनेट मीटिंग के बाद जनता से मिलना सौभाग्य"
मुख्यमंत्री ने कहा कि कैबिनेट की लंबी बैठक के तुरंत बाद जनता के बीच आना उनके लिए सौभाग्य है. बांस ग्रामीण जीवन, घर, खेत, पशुपालन और दैनिक जरूरतों से गहराई से जुड़ा है और अब यह आर्थिक समृद्धि का महत्वपूर्ण स्रोत बन रहा है.
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उन्होंने महाराष्ट्र के कृषि मूल्य आयोग के अध्यक्ष द्वारा प्रति हेक्टेयर 7 लाख प्रोत्साहन योजना का उल्लेख करते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ में भी लगभग 15 लाख एकड़ प्राकृतिक वन क्षेत्रों में बांस उपलब्ध है तथा 25,000 एकड़ में अतिरिक्त रोपण किया गया है. वर्ष 2017 में प्रधानमंत्री मोदी ने बांस को वन अधिनियम में ‘घास’ की श्रेणी में शामिल करने के निर्णय को उन्होंने ऐतिहासिक बताते हुए कहा कि इससे किसानों को कटाई और विपणन में स्वतंत्रता मिली है.
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मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार बांस आधारित उद्योगों के विस्तार, रोजगार सृजन और किसानों की आय बढ़ाने के लिए पूर्ण प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है.