Advertisement
Loading Ad...
दिल्ली के अगले मुख्यमंत्री के लिए BJP ने तय की रणनीति, जीते हुए विधायकों से फीडबैक ले रहें नड्डा
देश की राजधानी दिल्ली में हुए विधानसभा चुनाव के नतीजों में बीजेपी की प्रचंड जीत के बाद राज्य का अगला मुख्यमंत्री कौन होगा, इसको लेकर लगातार पार्टी आलाकमान और शीर्ष नेताओं के बीच मंथन का दौर चल रहा है। दिल्ली से जुड़े राजनीतिक सूत्रों की मानें तो 15 या 16 फरवरी को विधायक दल की बैठक हो सकती है।
Advertisement
Loading Ad...
देश की राजधानी दिल्ली में हुए विधानसभा चुनाव के नतीजों में बीजेपी की प्रचंड जीत के बाद राज्य का अगला मुख्यमंत्री कौन होगा, इसको लेकर लगातार पार्टी आलाकमान और शीर्ष नेताओं के बीच मंथन का दौर चल रहा है। दिल्ली से जुड़े राजनीतिक सूत्रों की मानें तो 15 या 16 फरवरी को विधायक दल की बैठक हो सकती है। इस बैठक में जीते हुए विधायक अपना नेता चुनेंगे। इससे पहले पार्टी के भीतर हलचल तेज हो चुकी है। इस बीच दिल्ली चुनाव में पार्टी का झंडा बुलंद करने वाले कई विधायकों ने राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा से मुलाकात की है। बताया जा रहा है इस दौरान पार्टी अध्यक्ष ने इन नेताओं से जमीनी स्तर पर चल रही चर्चाओं का फीडबैक लिया है।
वन टू वन फीडबैक ले रहें नड्डा
दरअसल, दिल्ली की राजनीति में बीजेपी के पिछले 27 वर्षों से चल रहा वनवास खत्म होना पार्टी के जमीनी कार्यकर्ताओं की बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है। सबसे बड़ी बात यह रही की पिछले एक दशक से दिल्ली में सरकार चला रही आम आदमी पार्टी के संयोजक समेत पार्टी के लगभग सभी दिग्गज चुनाव में बुरी तरह हारे है। ऐसे में अब बीजेपी कोई भी ऐसा फैसला नही लेना चाहती जिससे जमीनी कार्यकर्ताओं को निराश होना पड़े। इसलिए पार्टी अध्यक्ष जेपी नड्डा तकरीबन 25 विधायक से बारी-बारी मुलाकात कर चुके है। ये मुलाकात वन टू वन रही है जिसमें सभी विधायकों से एक एक करेक राष्ट्रीय अध्यक्ष फीडबैक ले रहा हैं। राष्ट्रीय अध्यक्ष से मुलाक़ात करने वालों में मुख्य रूप से कपिल मिश्रा, कुलवंत राणा,अनील शर्मा, शिखा रॉय, सतीष उपाध्याय, अरविंदर सिंह लवली, विजेंद्र गुप्ता, अजय महावर, रेखा गुप्ता, और अनील गोयल शामिल हैं।
गौरतलब है कि दिल्ली विधानसभा चुनाव के नतीजों बीजेपी को 70 में से 48 सीट पर प्रचंड जीत मिली थी। वही अरविंद केजरीवाल की आम आदमी पार्टी को 22 सीट मिली। इसके अलावा चुनाव प्रचार में बड़े-बड़े दावें करने वाली कांग्रेस पार्टी खाता भी नही खोल पाई लेकिन कांग्रेस ने कई विधानसभा सीटों पर आम आदमी पार्टी का खेल सीधे-सीधे बिगाड़ा जरूर है। इन सबके बाद अब दिल्ली का गला मुख्यमंत्री कौन होगा इस पर सबकी निगाहें टिकी हुई है। इस सूची में कई नाम आगे भी चल रहा है लेकिन सबसे प्रबल तौर पर नाम प्रवेश वर्मा का माना जा रहा है क्योंकि उन्होंने पार्टी के लिए सबसे मजबूत सीट नई दिल्ली को जीता है। जिसपर अरविंद केजरीवाल पिछले तीन बार से काबिज थे। इनके अलावा मोहन सिंह बीत, विजेंद्र गुप्ता, सतीश उपाध्याय, दुष्यंत गौतम समेत कुछ महिला विधायक का नाम भी उप-मुख्यमंत्री के तौर पर चल रहा है। हालाँकि पार्टी मुख्यमंत्री और उप मुख्यमंत्री जैसी अहम जिम्मेदारी किसके कंधो पर सौंपेगी यह भविष्य के गर्भ में छिपा है।
Advertisement
Loading Ad...
यह भी पढ़ें
Loading Ad...
Loading Ad...