Advertisement

Loading Ad...

घर में है PNG कनेक्शन तो नहीं मिलेगा LPG सिलेंडर, केंद्र सरकार ने जारी किया नया आदेश

पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने नया आदेश जारी किया है कि जिन उपभोक्ताओं के घर में पाइप से आने वाली पीएनजी गैस का कनेक्शन है, वे अब एलपीजी गैस सिलेंडर नहीं रख सकेंगे.

Social Media
Loading Ad...

LPG Crisis Update: देश में रसोई गैस को लेकर एक बड़ी खबर सामने आई है. केंद्र सरकार ने एलपीजी गैस सिलेंडर के उपयोग से जुड़ा एक अहम फैसला लिया है, जिसका असर लाखों उपभोक्ताओं पर पड़ सकता है. पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने शनिवार को संशोधित आपूर्ति आदेश जारी करते हुए साफ कर दिया है कि जिन घरों में पाइप के जरिए आने वाली पीएनजी गैस का कनेक्शन है, वे अब एलपीजी गैस सिलेंडर अपने पास नहीं रख सकेंगे. इस फैसले के बाद ऐसे उपभोक्ताओं को एलपीजी कनेक्शन या सिलेंडर रिफिल की सुविधा भी नहीं दी जाएगी.

सरकार का नया आदेश क्या कहता है?

मंत्रालय के अनुसार, यह कदम गैस की उपलब्धता को संतुलित रखने और जरूरतमंद उपभोक्ताओं तक एलपीजी की आपूर्ति सुनिश्चित करने के उद्देश्य से उठाया गया है. आदेश में स्पष्ट कहा गया है कि यदि किसी व्यक्ति के पास पहले से पाइप्ड नेचुरल गैस यानी पीएनजी का कनेक्शन है और उसके पास घरेलू एलपीजी कनेक्शन भी मौजूद है, तो उसे अपना एलपीजी कनेक्शन तुरंत समर्पित करना होगा. सरकार के इस फैसले के बाद सरकारी तेल कंपनियों को भी निर्देश दिए गए हैं कि वे ऐसे उपभोक्ताओं को नया एलपीजी कनेक्शन या सिलेंडर रिफिल उपलब्ध न कराएं, जिनके घर में पहले से पीएनजी की सुविधा मौजूद है. इससे यह साफ हो गया है कि आने वाले समय में गैस वितरण व्यवस्था को अधिक व्यवस्थित और नियंत्रित बनाने की कोशिश की जा रही है.

Loading Ad...

अंतरराष्ट्रीय तनाव का असर

Loading Ad...

दरअसल, हाल ही में अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पैदा हुई परिस्थितियों का असर भी ऊर्जा आपूर्ति पर पड़ रहा है. पिछले महीने के आखिर में ईरान पर अमेरिका और इजरायल के संयुक्त हमले के बाद पश्चिम एशिया में तनाव काफी बढ़ गया. इस हमले में ईरान के सुप्रीम लीडर अली खामेनेई की मौत हो गई थी. इसके बाद ईरान ने जवाबी कार्रवाई करते हुए खाड़ी क्षेत्र में अमेरिकी ठिकानों पर हमला किया और तेल व एलपीजी आपूर्ति के अहम मार्ग स्ट्रेट ऑफ होर्मुज पर जहाजों की आवाजाही को सीमित कर दिया.

क्यों अहम है स्ट्रेट ऑफ होर्मुज?

Loading Ad...

स्ट्रेट ऑफ होर्मुज दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण समुद्री मार्गों में से एक माना जाता है, जहां से बड़ी मात्रा में तेल और गैस की सप्लाई होती है. जब यहां से गुजरने वाले कई जहाजों पर रोक लगी तो वैश्विक ऊर्जा बाजार में चिंता बढ़ गई. कुछ टैंकरों पर मिसाइल हमलों की खबरों के बाद कई देशों में गैस और तेल की सप्लाई को लेकर आशंकाएं पैदा हो गईं. भारत में भी इस खबर का असर देखने को मिला. कई शहरों में एलपीजी सिलेंडर को लेकर लंबी लाइनें लगने लगीं और लोग जल्द से जल्द गैस बुक करने की कोशिश करने लगे. हालांकि इस बीच राहत की खबर भी आई, जब ईरान ने होर्मुज मार्ग से दो एलपीजी टैंकरों को भारत आने की अनुमति दे दी.

सरकार की अपील, घबराएं नहीं

केंद्र सरकार ने देशवासियों से अपील की है कि वे घबराहट में आकर गैस या पेट्रोल-डीजल की अधिक खरीदारी न करें. सरकार का कहना है कि देश में इन ईंधनों का पर्याप्त भंडार मौजूद है और आम लोगों को किसी तरह की कमी का सामना नहीं करना पड़ेगा. सरकार ने यह भी कहा है कि जिन इलाकों में पीएनजी गैस की पाइपलाइन उपलब्ध है, वहां रहने वाले लोग जल्द से जल्द पीएनजी कनेक्शन के लिए आवेदन करें. इससे सिलेंडर पर निर्भरता कम होगी और गैस की सप्लाई भी अधिक व्यवस्थित तरीके से हो सकेगी.

Loading Ad...

लोगों को दी गई सावधानी की सलाह

इसके साथ ही लोगों को सावधान भी किया गया है कि वे गैस सिलेंडर की बुकिंग केवल तेल कंपनियों की आधिकारिक वेबसाइट या अधिकृत माध्यमों से ही करें. सरकार के अनुसार, कुछ डिजिटल ठग इस स्थिति का फायदा उठाने की कोशिश कर रहे हैं और फर्जी वेबसाइट या लिंक के जरिए लोगों से ठगी कर सकते हैं. सरकार ने राज्यों को भी निर्देश दिए हैं कि गैस सिलेंडरों की कालाबाजारी और जमाखोरी पर कड़ी नजर रखी जाए. यदि कोई व्यक्ति या एजेंसी गैस की अवैध बिक्री या भंडारण करते हुए पकड़ी जाती है, तो उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी.

यह भी पढ़ें

बहरहाल, सरकार का कहना है कि देश की ऊर्जा सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए हर स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है और जरूरत पड़ने पर आगे भी जरूरी फैसले लिए जाएंगे. फिलहाल आम लोगों को सलाह दी गई है कि वे अफवाहों से दूर रहें और केवल आधिकारिक जानकारी पर ही भरोसा करें.

अधिक →

Advertisement

Loading Ad...
Loading Ad...
Loading Ad...
अधिक →

Advertisement

Loading Ad...