Advertisement

Loading Ad...

‘वो हमारी यादों में हमेशा बने रहेंगे’, PM मोदी ने जुबीन गर्ग को दी श्रद्धाजंलि, लता मंगेशकर को भी किया याद

पीएम मोदी ने 'मन की बात' रेडियो कार्यक्रम में मशहूर गायक जुबीन गर्ग को याद करते हुए श्रद्धाजंलि दी. साथ ही इस दौरान उन्होंने स्वर कोकिला लता मंगेशकर को भी याद किया.

Loading Ad...

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को 'मन की बात' रेडियो कार्यक्रम में मशहूर गायक जुबीन गर्ग को याद करते हुए श्रद्धाजंलि दी. पीएम मोदी ने कहा कि जुबीन गर्ग का असम की संस्कृति से बहुत गहरा लगाव था. वह हमेशा हमारी यादों में बने रहेंगे. 

जुबीन गर्ग की एक हादसे में हुई थी मौत?

सिंगापुर में गायक जुबीन गर्ग का एक हादसे में निधन हो गया था. इसके बाद उनके पार्थिव शरीर को असम लाया गया. जहां पर उनका राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया गया. 

Loading Ad...

पीएम मोदी ने जुबीन गर्ग को दी श्रद्धाजंलि

Loading Ad...

पीएम मोदी ने 'मन की बात' रेडियो कार्यक्रम में देशवासियों को संबोधित करते हुए कहा कि “असम आज जहां भूपेन हजारिका जी की जन्म-शताब्दी मना रहा है, वहीं कुछ दिनों पहले एक दुखद समय भी आया है. जुबीन गर्ग जी के असामयिक निधन से लोग शोक में हैं. जुबीन गर्ग एक मशहूर गायक थे, जिन्होंने देशभर में अपनी पहचान बनाई. असम की संस्कृति से उनका बहुत गहरा लगाव था. जुबीन गर्ग हमारी यादों में हमेशा बने रहेंगे और उनका संगीत आने वाली पीढ़ियों को मंत्रमुग्ध करता रहेगा.”

लता मंगेशकर को भी याद किया

Loading Ad...

इसके अलावा पीएम मोदी ने 'मन की बात' कार्यक्रम में स्वर कोकिला लता मंगेशकर को भी याद किया. उन्होंने कहा, ''लता मंगेशकर की भी जयंती है. भारतीय संस्कृति और संगीत में रुचि रखने वाला कोई भी उनके गीतों को सुनकर अभिभूत हुए बिना नहीं रह सकता. उनके गीतों में वो सबकुछ है, जो मानवीय संवेदनाओं को झकझोरता है. उन्होंने देशभक्ति के जो गीत गाए, उन गीतों ने लोगों को बहुत प्रेरित किया. भारत की संस्कृति से भी उनका गहरा जुड़ाव था. मैं लता दीदी के लिए हृदय से अपनी श्रद्धांजलि प्रकट करता हूं. लता दीदी जिन महान विभूतियों से प्रेरित थीं, उनमें वीर सावरकर भी एक हैं, जिन्हें वो 'तात्या' कहती थीं.  उन्होंने वीर सावरकर जी के कई गीतों को भी अपने सुरों में पिरोया.’’

‘मुझे हर साल राखी भेजा करती थीं’

यह भी पढ़ें

पीएम मोदी ने आगे कहा कि लता दीदी से मेरा स्नेह का जो बंधन था, वो हमेशा कायम रहा. वो मुझे बिना भूले हर साल राखी भेजा करती थीं. मुझे याद है मराठी सुगम संगीत की महान हस्ती सुधीर फड़के जी ने सबसे पहले लता दीदी से मेरा परिचय कराया था और मैंने लता दीदी को कहा कि मुझे आपके द्वारा गाया और सुधीर जी द्वारा संगीतबद्ध गीत ‘ज्योति कलश छलके’ बहुत पसंद है. 

LIVE
अधिक →

Advertisement

Loading Ad...
Loading Ad...
Loading Ad...
अधिक →

Advertisement

Loading Ad...