Advertisement

Loading Ad...

Malegaon blast case: साध्वी प्रज्ञा समेत सभी 7 आरोपियों को बॉम्बे हाईकोर्ट का नोटिस, पीड़ित परिवारों की अपील पर होगी सुनवाई

मालेगांव विस्फोट 29 सितंबर, 2008 की शाम को हुआ था, जब महाराष्ट्र के नासिक जिले के सांप्रदायिक रूप से संवेदनशील शहर मालेगांव में भिक्कू चौक मस्जिद के पास एक मोटरसाइकिल पर बंधे बम में विस्फोट हुआ था. रमजान के दौरान और नवरात्रि से कुछ दिन पहले हुए इस हमले में छह लोग मारे गए थे और 100 से ज्यादा लोग घायल हुए थे.

Loading Ad...

बॉम्बे हाई कोर्ट ने मालेगांव ब्लास्ट मामले में बरी साध्वी प्रज्ञा सिंह ठाकुर समेत सभी सात लोगों को नोटिस जारी किया. हाई कोर्ट ने उन्हें 6 हफ्तों में जवाब दाखिल करने को कहा है. साथ ही अदालत ने एनआईए को भी नोटिस जारी किया है. विस्फोट में मारे गए छह लोगों के परिवारों ने विशेष एनआईए अदालत के फैसले को चुनौती दी है. 

मालेगांव ब्लास्ट केस में सभी सात लोगों को नोटिस जारी

यह सुनवाई मुख्य न्यायाधीश चंद्रशेखर और जस्टिस गौतम अंखड की बेंच के समक्ष हुई. याचिका में कहा गया है कि जांच में हुई गलतियों या कुछ त्रुटियों के आधार पर आरोपियों को बरी नहीं किया जा सकता.

Loading Ad...

याचिका में यह भी दावा किया गया है कि विस्फोट की साजिश रचते समय गोपनीयता बरती गई थी, इसलिए प्रत्यक्ष साक्ष्य उपलब्ध नहीं हैं.

Loading Ad...

2008 में हुआ था महाराष्ट्र के मालेगांव में ब्लास्ट

इससे पहले, 16 सितंबर को महाराष्ट्र के मालेगांव में साल 2008 में हुए विस्फोट मामले में बॉम्बे हाईकोर्ट ने एक अहम टिप्पणी की थी. अदालत ने कहा था कि बरी किए जाने के फैसले के खिलाफ अपील दाखिल करने का अधिकार हर किसी को नहीं है. यह अधिकार उन्हीं को है जो ट्रायल में गवाह रहे हों या सीधे तौर पर पीड़ित पक्ष से जुड़े हों.

Loading Ad...

एनआईए कोर्ट ने सभी सात आरोपियों को किया था बरी

दरअसल, 31 जुलाई को विशेष एनआईए कोर्ट ने मालेगांव ब्लास्ट मामले के सभी सात आरोपियों को बरी कर दिया था. इनमें पूर्व भाजपा सांसद साध्वी प्रज्ञा सिंह ठाकुर और लेफ्टिनेंट कर्नल प्रसाद पुरोहित भी शामिल थे.

पीड़ित परिवारों की अपील पर होगी सुनवाई 

Loading Ad...

अपीलकर्ताओं ने यह भी तर्क दिया कि अदालत को केवल मूकदर्शक नहीं बने रहना चाहिए था. जरूरत पड़ने पर उसे सवाल पूछने और अतिरिक्त गवाह बुलाने के अधिकार का इस्तेमाल करना चाहिए था. इस मामले पर बॉम्बे हाईकोर्ट में बुधवार को फिर से सुनवाई होगी, जिसमें यह तय किया जाएगा कि पीड़ित परिवारों की अपील सुनवाई योग्य है या नहीं और ट्रायल में उनकी भूमिका कितनी महत्वपूर्ण रही थी.

यह भी पढ़ें

मालेगांव विस्फोट 29 सितंबर, 2008 की शाम को हुआ था, जब महाराष्ट्र के नासिक जिले के सांप्रदायिक रूप से संवेदनशील शहर मालेगांव में भिक्कू चौक मस्जिद के पास एक मोटरसाइकिल पर बंधे बम में विस्फोट हुआ था. रमजान के दौरान और नवरात्रि से कुछ दिन पहले हुए इस हमले में छह लोग मारे गए थे और 100 से ज्यादा लोग घायल हुए थे.

LIVE
अधिक →

Advertisement

Loading Ad...
Loading Ad...
Loading Ad...
अधिक →

Advertisement

Loading Ad...