ये मंदिर अपनी वास्तुकला और इतिहास दोनों को लेकर प्रसिद्ध है. हम बात कर रहे हैं भगवान विष्णु को समर्पित चक्रपाणी मंदिर की, जहां भगवान विष्णु के सुदर्शन चक्र की पूजा होती है. मान्यता है कि यह मंदिर धर्म और पृथ्वी के संतुलन को बनाए रखता है.
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धर्म ज्ञान05 Dec, 202512:35 PMChakrapani Temple: यहां होती है सुदर्शन चक्र की पूजा, उग्र रूप में विराजमान भगवान विष्णु, जानें मंदिर का रहस्य
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कड़क बात03 Dec, 202508:58 AMUdupi Sri Krishna Temple: भक्त के आंसू देख भगवान ने तोड़ दी थी मंदिर की दीवार, जानें क्या है इसके पीछे का रहस्य
कर्नाटक के उडुपी शहर में श्री कृष्ण मठ के अंदर श्री कृष्ण मंदिर स्थित है. इस मंदिर की खास बात ये है कि यहां भक्त गर्भगृह में जाकर भगवान के दर्शन नहीं करते, बल्कि एक नौ छिद्रों वाली खिड़की से भगवान को निहारते हैं. भक्तों को ऐसा लगता है कि स्वयं भगवान कृष्ण मंदिर की खिड़की से उन्हें निहार रहे हैं.
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धर्म ज्ञान03 Dec, 202505:41 AMगुरुवार व्रत: भगवान विष्णु का व्रत रखने से पूरी होती हैं ये मनोकामना, पूजा करते समय एक गलती बिल्कुल न करें
अग्नि पुराण, बृहस्पति स्मृति और महाभारत जैसे धार्मिक ग्रंथों के अनुसार, गुरुवार के दिन विधि-विधान से पूजा करने से जातक को धन, विद्या और वैवाहिक सुख-सौभाग्य में लाभ मिलता है.
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धर्म ज्ञान27 Nov, 202507:37 AMअध्यात्म की दुनिया में खूब नाम कमाते हैं इन तिथियों को जन्मे लोग, जानें खासियत
ये लोग रहस्यमय होते हैं और इनकी ऊर्जा दूसरों को अपनी ओर खींचती है. चाहे जीवन में कितनी भी मुश्किल परिस्थितियां आएं, ये कभी हार नहीं मानते. इनके लिए सफलता की राह सामान्य नहीं होती, लेकिन मेहनत और धैर्य से ये शून्य से शिखर तक का सफर तय कर लेते हैं.
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धर्म ज्ञान19 Nov, 202505:38 AMश्री कुर्मनाथ स्वामी मंदिर में कछुए के रूप में क्यों होती है भगवान विष्णु की पूजा?
भारत में भगवान विष्णु के कई सारे मंदिर हैं, जिनसे कई भक्तों की आस्था जुड़ी है. ऐसा ही एक मंदिर आंध्र प्रदेश में भी है, खास बात यह है कि यह विश्व का एकमात्र ऐसा मंदिर है जहां भगवान विष्णु को कछुए के रूप में पूजा जाता है. चलिए विस्तार से इस मंदिर के बारे में जानते हैं…
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धर्म ज्ञान15 Nov, 202507:42 AMअहोबिलम मंदिर: एक नहीं, नौ अलग-अलग रूपों में भक्तों को दर्शन देते हैं भगवान नरसिंह! जानें पौराणिक महत्व
भगवान विष्णु के ही अवतार भगवान नरसिंह को शत्रुओं पर विजय पाने का प्रतीक माना जाता है. मान्यता है कि जो भी भक्त नरसिंह देव की पूजा करता है उसे भय से मुक्ति मिलती है और उसके शत्रुओं का भी नाश होता है. ऐसे में अगर आप भी भगवान नरसिंह को मानते हैं तो ये आर्टिकल आपके लिए जरूरी होने वाला है. क्योंकि इसमें नरसिंह देव के उन मंदिरों के बारे में बात की गई है जहां वो हिरण्यकश्यप को मारने के लिए खंभे से प्रकट हुए थे. पूरी जानकारी के लिए आगे पढ़ें…
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धर्म ज्ञान15 Nov, 202506:54 AMढाई साल पुराने श्री आदिकेशव पेरुमल मंदिर में योगनिद्रा में विराजमान हैं भगवान विष्णु, जानें मंदिर का महत्व और पौराणिक कथा
भारत में भगवान विष्णु के कई रुपों की पूजा की जाती है. कहीं पद्मनाभ स्वामी के रुप में, कहीं विट्ठल के रुप में, तो कहीं विष्णुपद के रुप में. ऐसा ही एक मंदिर तमिलनाडु में भी स्थित है जहां भगवान विष्णु योगनिद्रा में अपने भक्तों को दर्शन देते हैं. मंदिर से जुड़ी पौराणिक कथा भी बेहद ही दिलचस्प है. पूरी जानकारी के लिए आगे पढ़ें…
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धर्म ज्ञान14 Nov, 202506:05 AMकल बन रहा उत्पन्ना एकादशी का विशेष संयोग, श्रीहरि की पूजा से दूर होंगे सभी कष्ट और मिलेगा मोक्ष! जानें महत्व
सनातन धर्म में एकादशी के व्रत का बहुत महत्व होता है. माना जाता है कि एकादशी का व्रत रखने से जन्मों जन्मांतर के पापों से मुक्ति मिलती है. मोक्ष की प्राप्ति होती है और ईश्वर की कृपा भी बनी रहती है. ऐसे में हिंदू पंचांग के अनुसार शनिवार को उत्पन्ना एकादशी का व्रत रखा जायेगा जो ज्योतिषीय दृष्टि से बेहद ही खास है. पूरी जानकारी के लिए आगे पढ़िए…
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धर्म ज्ञान07 Nov, 202512:03 PMकलियुग का वैकुंठ वास है द्वारका तिरुमला मंदिर, कड़ी तपस्या के बाद स्वयं प्रकट हुए थे भगवान वेंकटेश्वर!
आंध्र प्रदेश भारत का एक ऐसा राज्य है जहां कई पौराणिक मंदिर हैं. भगवान विष्णु से लेकर भगवान शिव के अलग-अलग अवतारों की पूजा भी यहां की जाती है. लेकिन क्या आप जानते हैं इसी राज्य में बसा एक ऐसा प्राचीन मंदिर भी है जो अपनी वास्तुकला और एरिया को लेकर जाना जाता है. मंदिर में मौजूद भगवान वेंकटेश्वर की अद्भुत मूर्ति भी है जिसे लेकर मान्यता है कि ये घोर तपस्या के बाद स्वयं प्रकट हुई थी.
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धर्म ज्ञान06 Nov, 202504:08 PMउत्तराखंड के इस गांव में माता पार्वती ने दिया भगवान शिव को विवाह का प्रस्ताव, इस मंदिर के बिना अधूरे हैं केदारनाथ के दर्शन! जानें पौराणिक कथा
उत्तराखंड के रुद्रप्रयाग की पवित्र घाटी में बसा गुप्तकाशी वो रहस्यमयी धाम है जहां भक्ति और लोगों की अटूट आस्था एक साथ सांस लेती हैं. माना जाता है कि महाभारत के बाद भगवान शिव पांडवों से रुष्ट होकर यहीं गुप्त रूप में छिप गए थे, तभी से यह स्थान “गुप्तकाशी” कहलाया. लेकिन क्या आप जानते हैं कि यहीं मां पार्वती ने शिव को विवाह का प्रस्ताव दिया था, साथ ही उनका दिव्य प्रेम भी यहीं से आरंभ हुआ. इस मंदिर से जुड़ी पौराणिक कथा जानें…
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खेल06 Nov, 202502:19 PMपीएम मोदी ने दीप्ति शर्मा से पूछा भगवान हनुमान के टैटू का राज, क्रिकेटर ने कहा- मुझे खुद से ज्यादा भगवान हनुमान पर भरोसा
विश्व कप 2025 की 'प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट' दीप्ति शर्मा ने कहा कि वह पीएम मोदी से मिलने का इंतजार कर रही थीं. उन्होंने साल 2017 में हुई मुलाकात को याद किया, जब पीएम मोदी ने उनसे कड़ी मेहनत करते रहने के लिए कहा था.
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धर्म ज्ञान06 Nov, 202501:29 PMआखिर क्यों कैलाश छोड़कर माता पार्वती के साथ काशी में बसे महादेव? जानें पौराणिक कथा!
भारत के उत्तर प्रदेश में वसा एक शहर जो अपने रहस्यों के लिए जाना जाता है. नाम है काशी यानि मोक्ष की नगरी. मान्यता है कि यही वो स्थान है जहां दाह संस्कार करने के बाद आत्मा पारमात्मा से जाकर मिलती है. इतना ही नहीं देवों के देव महादेव भी माता पार्वती के साथ यहीं विराजते हैं और अपने भक्तों को मोक्ष प्रदान करते हैं. लेकिन एक सवाल मन में उठता है कि आखिर क्यों भगवान शिव कैलाश छोड़कर माता पार्वती के साथ यहां रहने के लिए आए? आइये विस्तार से जानते हैं…
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धर्म ज्ञान05 Nov, 202510:22 AMकार्तिक पूर्णिमा की रात देवताओं ने किया था काशी में दीप दान! पौराणिक कथा से जानें क्यों मनाया जाता है देव दीपावली का पर्व
देव दीपावली का त्यौहार बहुत ही खास होता है. माना जाता है कि इस दिन देवता दीपावली मनाने के लिए काशी आते हैं. लेकिन क्या आप जानते हैं कि ये पर्व भगवान शिव से कैसे जुड़ा है, आखिर क्यों ये पर्व मनाया जाता है और कैसे इस पर्व की शुरुआत हुई? चलिए विस्तार से जानते हैं…